केवल ‘रेल नीर’ ही नहीं, समस्तीपुर मंडल के रेलवे स्टेशनों पर कई ब्रांड के पैकेज्ड पानी की होगी बिक्री, यहां देखें लिस्ट…

समस्तीपुर : यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पूर्व मध्य रेल, हाजीपुर ने समस्तीपुर मंडल के स्टेशनों पर ‘रेल नीर’ के अतिरिक्त अन्य स्वीकृत बोतलबंद पेयजल ब्रांडों की बिक्री की अनुमति दे दी है। रेलवे के इस फैसले से यात्रियों को अब स्टेशनों पर अधिक विकल्प उपलब्ध होंगे। रेल प्रशासन की ओर से जारी सूचना के अनुसार, 1 लीटर पानी की बोतल 14 रुपये और 500 मिलीलीटर की बोतल 9 रुपये में उपलब्ध होगी। इसकी जानकारी समस्तीपुर डीआरएम ने अपनी एक्स पोस्ट में दी है।
इन ब्रांडों की बिक्री को मिली अनुमति :
समस्तीपुर मंडल के स्टेशनों पर जिन स्वीकृत पेयजल ब्रांडों की बिक्री की अनुमति दी गई है, उनमें किनले, किंकिशर प्रीमियम, अडास एक्वा प्लस, जीवन धारा, किंग रॉयल, ड्रॉप एक्वा, एलीश, मंगलम नीर, रॉयल चैलेंज और जल मेरा शामिल हैं।
रेल नीर की उपलब्धता अनिवार्य :
रेलवे ने स्पष्ट किया है कि समस्त ट्रेन पेंट्री सेवाओं के साथ-साथ समस्तीपुर, दरभंगा और मुजफ्फरपुर स्टेशनों पर ‘रेल नीर’ की उपलब्धता अनिवार्य रूप से जारी रहेगी। रेल प्रशासन का कहना है कि गर्मी के मौसम और बढ़ती यात्री संख्या को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है, ताकि यात्रियों को पर्याप्त मात्रा में स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जा सके।

लाइफलाइन है समस्तीपुर रेल मंडल :
पूर्व मध्य रेलवे (ईसीआर) के अंतर्गत आने वाला समस्तीपुर रेल मंडल उत्तर बिहार की लाइफलाइन माना जाता है। सितंबर 2025 में हुए बड़े प्रशासनिक बदलाव के तहत मुजफ्फरपुर-समस्तीपुर रेलखंड के नौ स्टेशनों को सोनपुर मंडल से हटाकर समस्तीपुर मंडल में शामिल किया गया था। इसके बाद मंडल में रेलवे स्टेशनों की कुल संख्या बढ़कर 218 हो गई। मंडल के प्रमुख स्टेशनों में समस्तीपुर जंक्शन, दरभंगा जंक्शन और मुजफ्फरपुर जंक्शन शामिल हैं, जिन्हें एनएसजी-2 श्रेणी में रखा गया है।
रोजाना गुजरतीं 350 से अधिक ट्रेनें :
समस्तीपुर रेल मंडल उत्तर भारत को पूर्वोत्तर राज्यों और देश के अन्य हिस्सों से जोड़ने वाला बेहद व्यस्त रेल नेटवर्क है। अकेले समस्तीपुर जंक्शन से प्रतिदिन करीब 135 से 140 ट्रेनें गुजरती या ठहरती हैं। वहीं पूरे रेल मंडल के विभिन्न रूटों से होकर रोजाना 350 से अधिक पैसेंजर, एक्सप्रेस, सुपरफास्ट और मालगाड़ियां संचालित होती हैं। मंडल में मुजफ्फरपुर, दरभंगा, सहरसा, जयनगर, सीतामढ़ी, बापूधाम मोतिहारी और रक्सौल जैसे महत्वपूर्ण रेलखंड शामिल हैं।

रोजाना 4 लाख तक यात्री करते सफर :
घनी आबादी वाले उत्तर बिहार और मिथिलांचल क्षेत्र को कवर करने वाले इस रेल मंडल में यात्रियों का दबाव हमेशा अधिक रहता है। अकेले समस्तीपुर जंक्शन पर प्रतिदिन 50 हजार से अधिक यात्रियों का आवागमन होता है। यदि पूरे समस्तीपुर रेल मंडल के सभी 218 स्टेशनों को शामिल किया जाए, तो रोजाना करीब 3.5 लाख से 4 लाख यात्री ट्रेनों से सफर करते हैं। वहीं छठ, दिवाली और प्रवासी मजदूरों के आवागमन के दौरान यह संख्या बढ़कर प्रतिदिन 5 लाख के पार पहुंच जाती है।




