बिहार: भाई-भाभी और भतीजा-भतीजी को जिंदा काट डाला, सगे भाई ने किया कत्लेआम; 4 सिरकटी लाशों की मिस्ट्री से उठा पर्दा

बिहार के कैमूर जिले में पिछले दिनों 4 सिरकटी लाशों की मर्डर मिस्ट्री का खुलासा हो गया है। ये लाशें एक ही परिवार के चार लोगों की थीं। इनमें पति, पत्नी और उनके दो बच्चे शामिल हैं। चौंकाने वाली बात यह है कि इस सनसनीखेज केस में हत्यारा सगा भाई ही निकला। उसे पुलिस ने मध्य प्रदेश से गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी ने अपने भाई, भाभी, मासूम भतीजा और भतीजी को जिंदा काटकर उनकी बेरहमी से हत्या कर दी। फिर शवों के टुकड़े-टुकड़े कर रामगढ़ थाना क्षेत्र में दो अलग-अलग जगहों पर ठिकाने लगा दिए थे।
मृतक की पहचान रामगढ़ थाना क्षेत्र के डहरक गांव निवासी कृष्ण मुरारी गुप्ता, उनकी पत्नी एवं बेटे-बेटी के रूप में हुई है। पुलिस ने कृष्ण मुरारी के सगे भाई विकास गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया है। कैमूर एसपी हरिमोहन शुक्ला ने शनिवार को आरोपी की गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस उससे पूछताछ कर रही है। शवों से गायब सिर की तलाश जारी है। अन्य आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

दो लाशों के कटे सिर मिले, दो के अब भी गायब
पुलिस हत्यारे विकास गुप्ता अपने साथ लेकर अकोढ़ी स्थित पेट्रोल पंप के पास पंहुची। यहां झाड़ियों में ठिकाने लगाए गए दो कटे हुए सिर को बरामद कर लिया गया। अन्य दो सिर अब भी लापता हैं। बताया जा रहा है कि आरोपी ने उसे दुर्गावती नदी में ठिकाने लगा दिए थे। अकोढ़ी पुल के पास नदी में फेंके गए दो और सिर की तलाश गोताखोर कर रहे हैं। इस दौरान डॉग स्क्वॉड और एफएसएल की टीम भी साथ-साथ रही और जरुरी सैंपल एकत्रित किए।

घर के अंदर ही हुआ कत्लेआम
पुलिस शनिवार दोपहर करीब 2.30 बजे डहरक स्थित मृतक कृष्ण मुरारी के घर पंहुची। वहां एसपी, डीएसपी समेत भारी पुलिसबल की मौजूदगी में घर की तलाशी के साथ गहन जांच की गई। पुलिस सूत्रों से पता चला कि कृष्ण मुरारी समेत सभी 4 सदस्यों की हत्या इसी घर के अंदर की गई। पुलिस ने सामूहिक हत्याकांड में इस्तेमाल चाकू, कुल्हाड़ी एवं अन्य धारदार हथियार को बरामद कर लिया है।

शनिवार की सुबह हीं पुलिस सगे भाई विकास गुप्ता को लेकर उसके घर पंहुची तो वहां पर काफी संख्या में भीड़ जुट गई। एसपी हरिमोहन शुक्ला, डीएसपी प्रदीप कुमार व थानाध्यक्ष हरि प्रसाद शर्मा के साथ पुरी टीम ने घर के अंदर जांच पड़ताल की। इसके बाद गिरफ्तार आरोपी के साथ पुलिस टीम अकोढ़ी पुल के पास पंहुची। इस दौरान पुल पर लोगों के जमावड़े के कारण घंटो सड़क जाम रही।

10 और 12 मई को मिले थे धड़
रामगढ़ के पनसेरवां स्थित दुर्गावती नदी पुल के नीचे दो सूटकेस में बंद दो सिरकटे शव 10 मई को मिले थे। शवों को टुकड़े-टुकड़े कर सूटकेस में भरा गया था। इसके दो दिन बाद अभैदे नहर के पास भी प्लास्टिक के बोरे से एक बच्चे और एक महिला की सिरकटी लाश मिली थी। इसके बाद सीरियल मर्डर की आशंका जताई जाने लगी।

बिहार से यूपी तक पुलिस ने की खोजबीन
डीआईजी और एसपी के निर्देश पर विशेष टीम का गठन किया गया और इस केस की जांच की गई। कैमूर जिला उत्तर प्रदेश से सटा हुआ है, तो पुलिस ने बिहार से लेकर यूपी तक छानबीन की। कैमूर जिले में हाल के दिनों में गायब लोगों के बारे में जानकारी जुटाई गई। पुलिस को मृतकों के कपड़ों से कुछ हिंट मिला तो उसी दिशा में जांच की गई, जिससे मृतकों की पहचान हो गई। उसके बाद आरोपी की गिरफ्तारी से हत्याकांड का राज खुल गया।

सगे भाई ने क्यों मचाया कत्लेआम?
विकास ने अपने भाई, भाभी और भतीजा-भतीजी की इतनी बेरहमी से हत्या क्यों की, यह अभी स्पष्ट नहीं हो सका है। चर्चा है कि आपसी विवाद में इस नृशंस सामूहिक हत्याकांड को अंजाम दिया गया। दबी जुबान अवैध संबंध की चर्चा भी हो रही है। हालांकि, पुलिस ने अभी तक इस बारे में कोई जानकारी नहीं दी है। बताया जा रहा है कि रविवार को एसपी प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले को उजागर करेंगे।
