भारी बारिश में भी समस्तीपुर DRM कार्यालय पर उपवास आंदोलन, रेल परियोजनाओं को लेकर उठी मांग

समस्तीपुर : रेल विकास एवं विस्तार मंच के बैनर तले शुक्रवार को समस्तीपुर डीआरएम कार्यालय के समक्ष विभिन्न रेल संबंधी मांगों को लेकर एक दिवसीय उपवास आंदोलन शुरू किया गया। भारी वर्षा के बावजूद आंदोलनकारियों का उत्साह कम नहीं हुआ। बारिश से टेंट, दरी-जाजिम भींग जाने के बावजूद बड़ी संख्या में सामाजिक एवं राजनीतिक कार्यकर्ता, रेल संघर्ष से जुड़े लोग और स्थानीय नागरिक आंदोलन में डटे रहे।
आंदोलनकारियों ने अटेरन चौक रेल गुमटी पर ओवरब्रिज निर्माण को शीघ्र मंजूरी देने, पूर्व में शिलान्यासित मुक्तापुर रेल गुमटी पर ओवरब्रिज निर्माण कार्य शुरू कराने तथा कर्पूरीग्राम-ताजपुर-पातेपुर-महुआ-भगवानपुर नई रेल लाइन परियोजना को अविलंब शुरू करने की मांग उठाई। इसके अलावा केबल स्थान-कर्पूरीग्राम, दलसिंहसराय से पटोरी एवं मुक्तापुर से थानेश्वर स्थान तक नई रेल लाइन योजना को स्वीकृति देने की भी मांग की गई।

सभा की अध्यक्षता शंकर प्रसाद साह ने की, जबकि संचालन जीबछ पासवान ने किया। मंच के संयोजक शत्रुघ्न राय पंजी ने कहा कि वर्षों से जनता इन मांगों को लेकर संघर्ष कर रही है, लेकिन रेलवे प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि मुक्तापुर गुमटी पर ओवरब्रिज का शिलान्यास होने के बावजूद निर्माण कार्य शुरू नहीं होना जनता के साथ छल है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
भाकपा माले नेता सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने कहा कि कर्पूरीग्राम-ताजपुर-पातेपुर-महुआ-भगवानपुर रेल लाइन क्षेत्र के विकास के लिए बेहद जरूरी है। इससे उत्तर बिहार के लाखों लोगों को आवागमन की बेहतर सुविधा मिलेगी और व्यापारिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।

आंदोलन में भाकपा माले के सुरेंद्र प्रसाद सिंह, उपेंद्र राय, विश्वनाथ गुप्ता, पूर्व पार्षद अर्जन कुमार राय, रामलाल राय, राजद के राकेश ठाकुर, राम विनोद पासवान, जगलाल राय, शाहीद हुसैन, माकपा के सत्यनारायण सिंह, कांग्रेस के डोमन राय, विश्वनाथ सिंह हजारी, परमानंद मिश्र, सामाजिक कार्यकर्ता संतोष कुमार, अशोक कुमार राय, भाजपा के राकेश कुमार राज, रामगुलेब राय, राजेंद्र राय, शंभू राय एवं कृष्ण कुमार समेत कई लोग मौजूद रहे। अंत में आंदोलनकारियों ने 10 सूत्री मांग पत्र डीआरएम ज्योति प्रकाश मिश्रा को सौंपते हुए मांगों पर अविलंब कार्रवाई नहीं होने पर चरणबद्ध आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी।




