समस्तीपुर जिले में तापमान बढ़ते ही बिजली खपत बढ़ी, हांफ रहे फीडर

समस्तीपुर : लगातार बढ़ते तापमान के साथ बिजली की खपत में 20 से 25 प्रतिशत तक इजाफा होने से अनुमंडल की विद्युत व्यवस्था चरमरा गई है। बढ़ती मांग का सीधा असर सप्लाई सिस्टम पर पड़ रहा है, जिसके कारण ट्रांसफार्मर, एलटी लाइन के केबल और 33 केवी फीडर के जम्फर तक जवाब देने लगे हैं। नतीजतन, शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक बिजली की आंख-मिचौनी से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मिली जानकारी के मुताबिक बढ़ी हुई खपत के कारण विद्युत उपकरणों पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है।
एलटी लाइन के केबल में आग लगने की घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे मरम्मत कार्य में काफी समय लग जाता है और संबंधित फीडर में घंटों बिजली आपूर्ति बाधित रहती है। इसके अलावा, ट्रांसफार्मर जलने और फ्यूज वायर उड़ने की समस्या भी आम हो गई है। विद्युत कर्मियों का कहना है कि सबसे अधिक दिक्कत शाम के समय होती है, जब बिजली की मांग अचानक बढ़ जाती है। पीक आवर में शाम 5 बजे से रात 11:30 बजे तक खपत सामान्य दिनों की तुलना में डेढ़ गुना तक पहुंच जाती है।

इस दौरान उपकरणों के ओवरलोड होने से बार-बार पावर ट्रिपिंग की समस्या उत्पन्न होती है। बीते सोमवार की शाम से मध्य रात्रि तक जम्फर कटने की समस्या ने विभाग की परेशानी बढ़ा दी। लगातार बिजली बाधित होने से लोगों को रातभर जागने पर मजबूर होना पड़ा। उमस भरी गर्मी में बिजली कटौती ने लोगों की दिनचर्या को प्रभावित कर दिया है। इस संबंध में विभागीय कार्यपालक अभियंता शिवम कुमार ने बताया कि अनुमंडल क्षेत्र में सामान्य दिनों में जहां लगभग 35 मेगावाट बिजली की खपत होती है, वहीं पीक आवर में यह बढ़कर करीब 60 मेगावाट तक पहुंच जाती है। उन्होंने कहा कि बढ़ते लोड के कारण कभी-कभी तकनीकी समस्याएं उत्पन्न होती हैं, लेकिन विभाग द्वारा त्वरित कार्रवाई कर बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाती है।





