बिहार में जातीय गणना का रिपोर्ट जारी कर दिए जाने के बाद सियासत लगातार तेज होती जा रही है। उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी आरएलजेडी ने चरणबद्ध आन्दोलन की घोषणा कर दी है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने तारीखों का ऐलान कर दिया है। कुशवाहा शुरू से ही रिपोर्ट के आंकड़ों पर उठा रहे हैं। उन्होंने यह भी दावा किया है कि उनके घर पर कोई कर्मी नहीं पहुंचे। कई जातियों की आबादी गलत होने का दावा किया जा रहा है। बीजेपी और लोजपा भी इस पर सवाल उठा रही है।
उपेन्द्र कुशवाहा ने कहा है कि राज्य सरकार से जातीय गणना की विसंगतियों को दूर करना बहुत जरूरी है। पंचायत परिषद स्थित सभागार में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में उन्होंने कहा कि जातीय गणना के वर्तमान आंकड़ो की विसंगतियों को लेकर उनकी पार्टी सड़कों पर उतर कर आवाज उठाएगी। अगर अभी इन आंकड़ों को ठीक नहीं किया गया तो अगले 100 साल तक परेशानी पैदा करेंगे।
पूर्व केंद्रीय मंत्री और नीतीश कुमार के छोटे भाई के तौर पर पार्टी में काम कर चुके उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि सरकार ने आनन-फानन में जातीय गणना के आंकड़े को जारी कर दिया ताकि यह शान से कह सकें कि बिहार यह काम करने वाला पहला राज्य है। लेकिन ये आंकड़े जाली और फर्जी हैं। इस रिपोर्ट को घर में बैठकर तैयार किया गया है। इसे हम नहीं मानेंगे क्योंकि किसी ने मेरी जातीय गणना की ही नहीं। उन्हों ने पूछा कि जब मुझसे किसी ने पूछा ही नहीं तो जनता दल यू ने मेरा डेटा कैसे बता दिया। इससे जाहिर होता है कि बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की गई है।
उन्होनें कहा जातीय गणना की विसंगतियों के खिलाफ 11 अक्टूबर को सभी जिलों के जिला मुख्यालय में धरना दिया जाएगा। पार्टी इससे आगे की तैयारी भी कर चुकी है। उपेंद्र कुशवाहा ने बताया कि आने वाले 14 अक्टूबर को पार्टी की ओर से राजभवन मार्च का आयोजन किया जाएगा।
समस्तीपुर/चकमेहसी : समस्तीपुर जिले के चकमहेसी थाना क्षेत्र के हजपुरवा गांव में शनिवार को एक…
समस्तीपुर : शहर के प्रसिद्ध थानेश्वर स्थान मंदिर में श्रावणी मास की पहली सोमवारी को…
बिहार के गांव अब डिजिटल बदलाव की नई राह पर बढ़ने वाले हैं. पंचायती राज…
बिहार के प्राथमिक विद्यालयों के मानक से अधिक पदस्थापित शिक्षकों को बाल बाटिका और आंगनबाड़ी…
समस्तीपुर : विश्व लंग कैंसर दिवस के अवसर पर स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने फेफड़ों के कैंसर…
समस्तीपुर : सदर अस्पताल परिसर में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और आधारभूत संरचना के आधुनिकीकरण…