बिहार में बड़ा नाव हादसा: मूंग तोड़ने जा रहे ग्रामीणों से भरी नाव पलटी, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

बिहार के सुपौल जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। यहाँ सरायगढ़ प्रखंड के भपटियाही थाना क्षेत्र के अंतर्गत कोसी नदी की उपधारा में मजदूरों से भरी एक यात्री नाव अचानक अनियंत्रित होकर डूब गई। इस दर्दनाक हादसे के समय नाव पर करीब 20 लोग सवार थे, जिनमें से स्थानीय गोताखोरों की मुस्तैदी के कारण 5 लोगों को तो सकुशल बाहर निकाल लिया गया है, लेकिन बाकी के 15 लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं।
घटना सरायगढ़ थाना क्षेत्र के चिकनी गांव स्थित बनैनिया कोसी नदी घाट पर मंगलवार की सुबह करीब पौने नौ से नौ बजे के बीच हुई। इस भीषण हादसे के बाद से ही नदी घाट पर चीख-पुकार मची हुई है और पूरे इलाके में कोहराम मच गया है।

खेत में मूंग तोड़ने जा रहे थे सभी मजदूर
नाव पर सवार सभी लोग किसान और मजदूर थे, जो चिकनी गांव के वार्ड नंबर आठ के रहने वाले थे। मंगलवार सुबह ये सभी लोग बनैनिया कोसी नदी घाट से नाव पार करके नदी के दूसरी तरफ चिकनी गांव स्थित खेतों में मूंग की फसल तोड़ने जा रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय लोगों ने बताया कि नाव में क्षमता से काफी अधिक लोग सवार थे। ओवरलोडिंग के कारण जैसे ही नाव नदी की बीच धारा और उपधारा के पास पहुंची, अचानक पानी के तेज बहाव में असंतुलित होकर पलट गई। नाव पलटते ही नदी में चीख-पुकार मच गई और लोग अपनी जान बचाने के लिए हाथ-पैर मारने लगे। आस-पास मौजूद स्थानीय गोताखोरों ने तुरंत नदी में छलांग लगाई और तत्काल 5 लोगों को डूबने से बचा लिया।

रेस्क्यू के लिए बुलाई गई एनडीआरएफ की स्पेशल टीम
हादसे की सूचना मिलते ही सरायगढ़ के सीओ धीरज कुमार तुरंत भारी पुलिस बल और स्थानीय प्रशासन के साथ बनैनिया घाट पहुंचे। उन्होंने तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू करवाया। सीओ धीरज कुमार ने बताया कि सुरक्षित निकाले गए पांचों लोगों को इलाज के लिए तुरंत सरायगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में भर्ती करा दिया गया है, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज चल रहा है। लापता 15 लोगों की तलाश के लिए स्थानीय गोताखोर लगातार नदी में जाल डालकर खोजबीन कर रहे हैं। इसके साथ ही बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान चलाने के लिए एनडीआरएफ की विशेष टीम को भी मौके पर बुला लिया गया है। प्रशासन का कहना है कि अभी तक किसी के मौत की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।


