समस्तीपुर नगर आयुक्त ने टैक्स दरोगा, प्रभारी सफाई निरीक्षक, सिविल इंजीनियर समेत 8 लापरवाह कर्मियों को किया शोकॉज

समस्तीपुर : नगर आयुक्त गौतम कुमार ने निगम के विभिन्न कार्यालयों में कार्यरत एक साथ आठ कर्मियों से कर्तव्यहीनता, कार्य में लापरवाही आदि के आरोप में स्पष्टीकरण पूछा है। इतने कर्मियों पर एक साथ नगर आयुक्त की कार्रवाई से नगर निगम कार्यालय में हड़कंप मचा है। जिनसे स्पष्टीकरण पूछा गया है, उनमें टैक्स दारोगा भूपेन्द्र सिंह, प्रभारी सफाई निरीक्षक दिलीप राम, सिविल इंजीनियर रोहित कुमार यादव सहित चार कर संग्राहक दिलीप चौधरी, संजय पाठक, गणेश ठाकुर मो. दुलारे व एमटीएस सुशील कुमार हैं। सभी कर संग्राहकों से 24 घन्टे में जवाब मांगा गया है कि क्यों नहीं उनका वेतन रोक दिया जाए।
टैक्स दारोगा से पूछे गए स्पष्टीकरण में नगर आयुक्त ने कहा है कि उनके द्वारा किए गए शहर में क्षेत्र भ्रमण के क्रम पाया गया कि विभिन्न स्थनों पर दुकानदारों के द्वारा स्थायी/ अस्थयी अतिक्रमण किया गया है। इसमें टैक्स दारोगा से यह भी कहा गया है कि अतिक्रमण खाली कराने के लिए नगर आयुक्त के द्वारा बार-बार निदेशित भी किया गया। इसके साथ ही टैक्स की वसूली में भी उनके द्वारा शिथिलता बरती जा रही है, जो कर्तव्यहीनता, स्वेच्छाचारिता तथा कार्य में लापरवाही का द्योतक है। इसमें तीन दिनों के अंदर स्पष्टीकरण देने को कहा गया है।


प्रभारी सफाई जमादार दिलीप राम से किए गए स्पष्टीकरण में नगर आयुक्त ने कहा है कि उनके द्वारा शहर में क्षेत्र निरीक्षण के क्रम में टुनटुनिया गुमती चौक, रामबाबू चौक, गांधी चौक. स्टेशन चौक, बंगाली टोला कॉलोनी में सफाई की स्थिति काफी दयनीय पायी गई। कूड़ा यत्र-तत्र फैला हुआ था। इससे स्पष्ट है कि सफाई कार्य के पर्यवेक्षण में लापरवाही बरती गयी है। उनको भी तीन दिन के अंदर जबाब देने को कहा गया है। कर संग्राहकों से शोकॉज में उनसे 24 घन्टे में जवाब मांगा गया है। जवाब नहीं देने पर उनके विरुद्ध अनुशासनिक कार्रवाई की बात कही गई है। उनपर कर्तव्यहीनता का आरोप लगा है। सिविल इंजीनियर रोहित कुमार यादव से 24 घन्टे ने जवाब देने को कहा गया है कि क्यों नहीं उनके द्वारा एक भी जियोटैग नहीं करने व प्रत्येक दिन समय पर कार्यालय में नहीं जाने के लिए उनका वेतन रोकते हुए विभाग को उनकी सेवा वापस कर दी जाए।




