BPSC AEDO पेपर लीक: किसकी चूक से टूटी चेन ऑफ कस्टडी? EOU कर सकती है जांच

बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की सहायक शिक्षा विकास पदाधिकारी (एईडीओ) परीक्षा रद होने के बाद अब बिहार पुलिस इस दिशा में जांच को आगे बढ़ा रही है कि परीक्षा प्रारंभ होने के पूर्व साल्वरों के पास प्रश्न पत्र कैसे पहुंचा। इसी प्रश्न पत्र के आधार पर साल्वरों ने आंसर की तैयार की थी। इस महत्वपूर्ण परीक्षा के रद होने के बाद जांच का मुख्य बिंदु यह है कि प्रश्न पत्रों की सुरक्षा के लिए बनाई गई चेन ऑफ कस्टडी में आखिर टूट कहां और कैसे हुई।
साल्वरों ने आंसर की कहा तैयार की और उसे किन-किन लोगों तक पहुंचाने में सफल भी रहे। असल में व्यवस्था है कि प्रश्न पत्र छपने से लेकर परीक्षा केंद्र तक पहुंचाने का एक सिस्टम होता है।हर स्तर पर अधिकारियों और कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय होती है। बावजूद पेपर लीक कैसे हुआ, यह बड़ा सवाल है। सूत्रों ने बताया इस मामले में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के क्रम में कई अहम जानकारियां हासिल हुई हैं। अब संभावना है कि आर्थिक अपराध इकाई इस मामले में गिरफ्तार लोगों से पूछताछ करेगी।

टेलीग्राम और वॉट्सएप पर फैलाने की थी योजना
शंका जताई जा रही है कि परीक्षा की आंसर-की पटना में ही किसी जगह तैयार की गई थी। इसके बाद इसे टेलीग्राम चैनल और वॉट्सएप ग्रुप के माध्यम से फैलाने की योजना थी। समस्तीपुर सहित कई जिलों में ऐसे अभ्यर्थी पकड़े गए हैं, जो इलेक्ट्रानिक उपकरणों से नकल कर रहे थे। इनका संबंध भी इस पूरे गिरोह से जुड़ा बताया जा रहा है। पुलिस को यह भी जानकारी मिली है कि साल्वरों ने आंसर-की देने के लिए अभ्यर्थियों से 20 से 25 लाख रुपये तक वसूले थे। अब पुलिस पूरे नेटवर्क को उजागर करने में जुटी है।





