24-25 अगस्त को समस्तीपुर समेत उत्तर बिहार के जिलों में मध्यम बारिश के आसार, 10-15 किमी की रफ्तार से चलेगी हवा

समस्तीपुर : 27 अगस्त तक हल्की से मध्यम बदल देखे जा सकते हैं। 24-25 अगस्त के आसपास सारण, समस्तीपुर, वैशाली, बेगूसराय, गोपालगंज, सिवान, पूर्वी चम्पारण एवं पश्चमी चम्पारण के जिलों में कुछ स्थानों पर मध्यम वर्षा हो सकती है। डा. राजेन्द्र प्रसाद केन्द्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा मौसम विभाग के वैज्ञानिक के अनुसार इस अवधि में अधिकतम तापमान 30-32 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है। न्यूनतम तापमान 26-28 डिग्री सेल्सियस के आस-पास रह सकता है।
वहीं सापेक्ष आर्द्रता सुबह में 90 प्रतिशत के आसपास तथा दोपहर में 40 से 45 प्रतिशत रहने की संभावना है। इस बीच पूर्वानुमानित अवधि में 23 अगस्त को औसतन 10 से 15 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से पछिया हवा चल सकती है। उसके बाद अन्य दिनों में पूर्वा हवा चलने की संभावना है। धान की फसल में खैरा बीमारी दिखाई पड़ने पर खेतों में जिंक सल्फेट 5.0 किलोग्राम तथा 2.5 किलोग्राम बुझा चूना का 500 लीटर पानी में घोल बना कर एक हेक्टेयर में छिड़काव आसमान साफ रहने पर ही करें। पिछात धान की फसल में खरपतवार नियंत्रण के कार्य को प्राथमिकता दें।

धान की फसल में तना छेदक कीट का प्रकोप बढ़ा, करें निगरानी अगात धान की फसल में तना छेदक कीट की निगरानी करें। तना छेदक कीट दिखने पर बचाव के लिए फेरोमोन ट्रैप की 12 ट्रैप प्रति हेक्टेयर का प्रयोग करे। खेतों में 5 प्रतिशत क्षतिग्रस्त पौधे दिखाई देने पर करताप हाईड्रोक्लोराईड दाने-दार दवा का अथवा फिप्रोंनिल 0.3 जी का 10 किलोग्राम प्रति एकड़ की दर से व्यवहार करें। सितम्बर अरहर की बुआई के लिए खेत की तैयारी करें।

किसान 25 अगस्त के बाद इसकी बुआई कर सकते हैं। बुआई के समय प्रति हेक्टेयर 20 किलोग्राम नेत्रजन, 45 किलोग्राम स्फुर, 20 किलोग्राम पोटाश तथा 20 किलोग्राम सल्फर का व्यवहार करें। अरहर की पूसा 9 तथा शरद प्रभेद उत्तर बिहार के लिए अनुशंसित है। बुआई के 24 घंटे पूर्व 2.5 ग्राम थीरम दवा से प्रति किलोग्राम बीज की दर से उपचार करे। बुआई के ठीक पहले उपचारित बीज को उचित राईजोबियम कल्वर से उपचारित कर बुआई करनी चाहिए।





