Samastipur

समस्तीपुर में सभी स्तर के सरकारी विद्यालयों की होगी GIS मैपिंग, एक क्लिक पर ही मिलेगी सभी जानकारी

यहां क्लिक कर हमसे व्हाट्सएप पर जुड़े 

समस्तीपुर : जिले के सरकारी स्कूलों की पूरी जानकारी अब नक्शे पर उपलब्ध होगी। कौन से स्कूल ग्रामीण इलाकों में हैं और किन स्कूलों की मौजूदगी शहरी इलाकों में, यह भी नक्शा बतायेगा। इतना ही नहीं स्कूलों में उपलब्ध छात्रों के लिए सुविधाओं की जानकारी भी अब इस नक्शे के माध्यम से एक क्लिक पर ही मिल जायेगी।

दरअसल, समस्तीपुर समेत पूरे प्रदेश के स्कूलों की अब ज्योग्राफिकल इन्फॉर्मेशन सिस्टम (जीआईएस) मैपिंग होगी। इसके तहत स्कूलों का नक्शा तैयार किया जायेगा। इसके लिए केंद्र सरकार के निर्देश पर शिक्षा विभाग ने जिले के अधिकारियों को जीआईएस मैपिंग की तैयारी का निर्देश दिया है। जीआईएस मैपिंग में स्कूल का नक्शा, गांव और प्रखंड के साथ उपलब्ध कराया जायेगा। इसका निर्णय केंद्र सरकार के प्रोजेक्ट अप्रूवल बोर्ड में लिया गया है।

डीईओ कामेश्वर प्रसाद गुप्ता ने बताया कि स्कूलों में उपलब्ध वर्ग कक्षों की संख्या, स्कूल का क्षेत्रफल, पेयजल की सुविधा, शौचालय, प्ले ग्राउंड समेत तमाम जानकारियां इस नक्शे में देनी होगी। केंद्रीय शिक्षा विभाग समय-समय पर इन नक्शों की जांच करेगा। इससे आवश्यकता के अनुसार केंद्र सरकार सीधे उन स्कूलों का सर्वे कर सकेगी। राज्य सरकार की ओर से स्कूल का क्षेत्रफल, क्षेत्र, ग्रामीण स्थल का विवरण तैयार करने के लिए काम किया जा रहा है।

गौरतलब है कि सरकारी विद्यालयों की जीआईएस मैपिंग शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2019 के तहत की जायेगी। स्कूल की मैपिंग का मुख्य कारण देश के सभी राज्यों में साक्षरता स्तर की वास्तविकता की जानकारी लेना है। इससे रोजगार के अवसर बढ़ाने के साथ ही केंद्र सरकार को विभिन्न योजनाओं को तैयार करने में मदद मिलेगी। केंद्र सरकार ने वार्षिक कार्ययोजना के लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 से सभी राज्यों के सरकारी स्कूलों की जीआईएस मैपिंग अनिवार्य कर दी है।

जीआईएस मैपिंग से स्कूलों की भौगोलिक स्थिति का पता चलेगा। इससे स्कूलों की सड़क कनेक्टिविटी, निकटतम बिजली ग्रिड, और उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी मिलेगी। जीआईएस मैपिंग से स्कूलों के प्रदर्शन की निगरानी की जा सकेगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में शैक्षिक स्तर की जानकारी मिलती है। जीआईएस मैपिंग से आधारभूत संरचनाओं के विकास की मॉनिटरिंग में आसानी होगी। जीआईएस मैपिंग से स्कूलों में उपलब्ध संरचना को गूगल मैप पर देखा जा सकेगा। जीआईएस मैपिंग के आधार पर केंद्र सरकार स्कूलों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, समावेशी कक्षा माहौल, बहुभाषी जरूरतों, अकादमिक क्षमताओं, आधारभूत संरचनाओं के विकास की मॉनिटरिंग करेगी. साथ ही केंद्र सरकार द्वारा राज्य को दी जाने वाली सहायता के बारे में पता चलेगा।

Avinash Roy

Recent Posts

समस्तीपुर में मृतक ‘छोटू’ के घर पहुंचे सांसद पप्पू यादव, सरकार से 50 लाख मुआवजा देने की मांग

समस्तीपुर/विद्यापतिनगर [पद्माकर सिंह लाला] : जन अधिकार पार्टी के सुप्रीमो सह पूर्णिया सांसद राजेश रंजन…

7 घंटे ago

शिवाजीनगर के बरियाही घाट पुल के पास करेह नदी में तैरता दिखा अज्ञात युवक का शव, तेज बहाव में आंखों से ओझल; तलाश जारी

समस्तीपुर/शिवाजीनगर : शिवाजीनगर थाना अंतर्गत बरियाही घाट पुल के समीप करेह नदी में मंगलवार को…

7 घंटे ago

सिंघिया में एक ही रात चार दुकानों में चोरी, गेट तोड़कर लाखों की संपत्ति समेट ले गए बदमाश

समस्तीपुर/सिंघिया : समस्तीपुर जिले में लगातार बढ़ रही चोरी की घटनाओं के बीच सोमवार की…

7 घंटे ago

समस्तीपुर के युवक की संदिग्ध मौ’त, पहले पति पर हत्या का आरोप; दोस्त की पत्नी के साथ लिव-इन में रह रहा था मृतक

समस्तीपुर : प्रेम-प्रसंग से जुड़े मामले में मंगलवार को एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में…

7 घंटे ago

समस्तीपुर पहुंचे NSUI के पूर्व अध्यक्ष चुन्नू सिंह, ‘छात्रों की गूंज’ अभियान को लेकर कार्यकर्ताओं में भरा जोश

समस्तीपुर : भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) और युवा कांग्रेस के संयुक्त अभियान 'छात्रों की…

10 घंटे ago