समस्तीपुर :- धान की रोपाई करने के दो दिन बाद ही खेतों में दरारें फटने से किसान परेशान हैं। किसानों ने बताया कि धान के खेत में दो दिन में ही यह हाल है तो आगे और भारी परेशानी होगी।
धान में सबसे अधिक बारिश का पानी की जरूरत होती है, लेकिन बारिश का पता नहीं है। बोरिंग से सिचाई कर उपजाना मुश्किल हो जाता है। किसानों ने यह भी बताया कि एक कठ्ठा धान की रोपाई करने मे 600 से 700 सौ रुपये खर्च आता है। जबतक बारिश नहीं होगी तबतक धान उपजाना मुश्किल होगा।
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