बिहार के पुलिस महानिदेशक यानी डीजीपी विनय कुमार के 21 दिनों की छुट्टी पर जाने के बाद सम्राट चौधरी सरकार ने तेज-तर्रार आईपीएस अधिकारी प्रीता वर्मा को राज्य की प्रभारी डीजीपी बनाकर पुलिस विभाग की कमान सौंपी है। विनय कुमार की गैरहाजिरी में प्रीता वर्मा को कार्यकारी डीजीपी बनाया गया है। प्रीता वर्मा 1991 बैच की बिहार कैडर की आईपीएस अधिकारी हैं। पुलिस सेवा में प्रीता वर्मा को 3 दशक से ज्यादा का अनुभव हासिल है। प्रीता वर्मा बिाहर पुलिस की वरिष्ठ अधिकारियों में शामिल हैं। इसी साल जुलाई के महीने में उन्हें डीजी, होमगार्ड एवं अग्निशमन सेवा की जिम्मेदारी दी गई थी।
बताया जाता है कि प्रीता वर्मा का होम स्टेट राजस्थान है। बिहार पुलिस के शीर्ष पद की जिम्मेदारी संभालने वाली प्रीता वर्मा कई अहम पदों पर अपनी जिम्मेदारियां संभाल चुकी हैं और अपने सेवाकाल में उन्हें अहम पुरस्कार भी मिल चुका है। साल 2023 में बिहार के दो वरिष्ठ पुलिस अफसरों को विशिष्ट सेवा के लिए राष्ट्रपति पुलिस पदक दिया गया था। इसमें प्रीता वर्मा का भी नाम था। इससे पहले साल 2009 में प्रीता वर्मा को पुलिस मेडल भी मिल चुका है।
बिहार के मौजूदा डीजीपी विनय कुमार का कार्यकाल इसी साल के अंत में खत्म हो रहा है। कुछ मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, बिहार के नए स्थायी डीजीपी के तौर पर भी प्रीता वर्मा का नाम आगे चल रहा है। हालांकि, स्थायी डीजीपी की नियुक्ति की प्रक्रिया अलग है। इस प्रक्रिया के तहत राज्य गृह मंत्रालय 20 वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के नाम का पैनल तैयार कर उसे यूपीएससी को भेजेगा। यूपीएससी इसमें से तीन नामों को चुनेगी और फिर इसे राज्य सरकार को भेजा जाएगा। इसके बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधऱी इसमें से बिहार के नए डीजीपी का चयन करेंगे।
राष्ट्रपति पुलिस पदक फॉर डिस्टिंग्विश्ड सर्विस पद से सम्मानित हो चुकी प्रीता वर्मा का नाम साल 2023 के MHA आईपीएस सिविल लिस्ट में DG(ट्रेनिंग)बिहार के पद पर दर्ज किया गया था। प्रीता वर्मा फिलहाल बिहार डीजीपी के अतिरिक्त पदभार के अलावा महानिदेशक-सह-महासमादेष्टा, गृह रक्षा वाहिनी एवं अग्निशमन सेवाएं, का भी प्रभार संभालेंगी।
बिहार के नए डीजीपी के लिए इन सभी नामों की चर्चा
विनय कुमार के बाद बिहार के नए स्थायी डीजीपी के नामों को लेकर भी खूब चर्चा हो रही है। नियमों के मुताबिक, डीजीपी पद के लिए 30 साल सेवा शर्त है। कुछ मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, प्रीता वर्मा के अलावा इस पद के लिए कुंदन कृष्णन (1994 बैच), जितेंद्र कुमार (1993 बैच), जितेंद्र सिंह गंगवार (1993) बैच और अमित कुमार (1994 बैच) के नामों की चर्चा है। इन सभी में प्रीता वर्मा सबसे वरिष्ठ अधिकारी हैं। अगर वो बिहार की नई स्थायी डीजीपी बनती हैं तो वो बिहार की पहली महिला डीजीपी होंगी।
समस्तीपुर/विद्यापतिनगर : ऐतिहासिक विद्यापतिधाम उगना महादेव मंदिर परिसर अब हाईमास्क लाइट की रोशनी से जगमगा…
समस्तीपुर : शहर की साफ-सफाई, यातायात व्यवस्था और अतिक्रमण की स्थिति का जायजा लेने के…
समस्तीपुर : मुफस्सिल थाना क्षेत्र के भूईधारा में मंगलवार की शाम सांप पकड़ने पहुंचे एक…
समस्तीपुर : उर्वरक की कालाबाजारी, जबरन टैगिंग और मोबाइल ऐप से बिक्री के विरोध में…
बिहार में प्रस्तावित ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप को लेकर काम में तेजी ला दी गई है.…
समस्तीपुर : जलवायु परिवर्तन अब भविष्य की आशंका नहीं, बल्कि खेत-खलिहानों की वर्तमान चुनौती बन…