बिहारः वोटर लिस्ट रिवीजन काम से परेशान BDO ने दिया इस्तीफा, SDM पर लगाए गंभीर आरोप

बिहार में विधानसभा चुनाव से पहले वोटर लिस्ट रिवीजन का काम चल रहा है. विपक्ष इसे वोटबंदी बताते हुए विरोध कर रहा है. दूसरी ओर प्रशासन पूरी ताकत से इस काम को पूरा करने में जुटा है. जिससे प्रशासनिक अधिकारियों और कर्मचारियों पर अतिरक्त दवाब भी बन रहा है. वोटर लिस्ट रिवीजन के काम के दवाब में कई जगहों से महज खानापूर्ति की बात भी सामने आई है. काम के दवाब के बीच कटिहार जिले में एक प्रखंड विकास पदाधिकारी ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है.
मिली जानकारी के अनुसार कटिहार के बारसोई प्रखंड के विकास पदाधिकारी हरिओम शरण ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. डीएम को भेजे इस्तीफा में उन्होंने बारसोई अनुमंडल पदाधिकारी दीक्षित श्वेतम पर मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया है.

बीडीओ ने एसडीएम पर लगाए गंभीर आरोप
दरअसल, बीडीओ हरिओम शरण ने अनुमंडल पदाधिकारी पर वोटर लिस्ट पुनरीक्षण के नाम पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है. उन्होंने आरोप लगाया है कि अनुमंडल पदाधिकारी उन्हें बार-बार धमकी दे रहे हैं कि उनके खिलाफ डीएम और चुनाव आयोग को कार्रवाई के लिए लिख देंगे.

कहा- हर दिन 10 से 12 पंचायत का दौरा, फिर भी कहते है सोए रहते हो
हर दिन 10 से 12 पंचायतों का दौरा करने के बावजूद अनुमंडल पदाधिकारी द्वारा कहा जाता है कि घर में सोए रहते हैं, कार्रवाई करवा देंगे. वरीय अधिकारी की प्रताड़ना से परेशान बीडीओ ने डीएम को इस्तीफा भेज दिया है और कहा है कि वह इस स्थिति में काम करने में असमर्थ हैं.

बीडीओ के इस कदम से जिले के प्रशासनिक महकमें में हड़कंप मच गया है. प्रखंड विकास पदाधिकारी ने अपने इस्तीफे की कॉपी विभागीय सचिव के साथ साथ चुनाव आयोग को भी भेज दिया है.



