Bihar

देर रात फ्रेश होने के लिए गाड़ी से उतरे थे IPS दीपक रंजन, वाहन लेकर फरार हो गया ड्राइवर; पैदल पहुंचे थाना

यहां क्लिक कर हमसे व्हाट्सएप पर जुड़े 

पटना से गयाजी जा रहे बिहार के विशेष सशस्त्र बल के कमांडेंट और वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी दीपक रंजन के साथ एक असामान्य और हैरान कर देने वाला मामला हुआ है। यह घटना जहानाबाद जिले के टेहटा थाना क्षेत्र में सामने आया है। अधिकारियों की रिपोर्ट के मुताबिक, दोनों बॉडीगार्ड और ड्राइवर ने अचानक गाड़ी छोड़कर आगे बढ़ना शुरू कर दिया, जिससे दीपक रंजन को करीब डेढ़ किलोमीटर पैदल चलना पड़ा।

घटना गुरुवार (29 मई, 2025) की रात की बताई जा रही है। दीपक रंजन पेट्रोल पंप पर शौच के लिए रुके थे, जहाँ उनके साथ दोनों बॉडीगार्ड और ड्राइवर भी उतरे। सभी मोबाइल फोन में व्यस्त हो गए। अंधेरा होने के कारण सड़क किनारे माहौल असहज था। गाड़ी चालक और बॉडीगार्ड बिना बताए गाड़ी लेकर वहां से आगे चल दिए, जबकि दीपक रंजन का मोबाइल और अन्य जरूरी सामान गाड़ी में ही रह गया था।

गाड़ी न मिलने पर दीपक रंजन काफी परेशान हुए और उन्होंने किसी अन्य वाहन का इंतजार करने के बजाय रात के अंधेरे में करीब डेढ़ किलोमीटर पैदल चलने का फैसला किया। वे टेहटा थाना पहुंचे और वहां से थानाध्यक्ष के मोबाइल से बोधगया बटालियन के कमांडेंट के रीडर व अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को घटना की जानकारी दी। तत्पश्चात जहानाबाद पुलिस की गाड़ी से उन्हें गयाजी भेजा गया।

इस गंभीर मामले में कमांडेंट के ड्राइवर दीपक कुमार और दोनों बॉडीगार्डों को निलंबित कर दिया गया है। विभागीय स्तर पर भी इनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई के आदेश जारी किए गए हैं। विभागीय सूत्रों के अनुसार, इस प्रकार की लापरवाही और अनुशासनहीनता पुलिस विभाग की छवि के लिए निंदनीय है और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए कड़े नियम लागू किए जाएंगे।

इस घटना पर पूछे जाने पर कमांडेंट दीपक रंजन ने इसे मामूली मामला बताते हुए कहा कि वे सुरक्षित हैं और पूरी टीम के साथ मिलकर इसे हल कर लिया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि विभाग की कार्यप्रणाली में सुधार और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।

यह घटना बिहार पुलिस के भीतर अनुशासनात्मक सुधारों की आवश्यकता को फिर से उजागर करती है। पिछले कुछ वर्षों में विभाग ने अधिकारियों और कर्मचारियों के व्यवहार और जवाबदेही को लेकर कई पहल की हैं। डिजिटल मॉनिटरिंग और गाड़ी ट्रैकिंग सिस्टम को लागू करने का भी लक्ष्य रखा गया है ताकि इस तरह की घटनाओं पर नजर रखी जा सके।

Avinash Roy

Recent Posts

बिहार में MLC को कितनी मिलती है सैलेरी? जानिए पावर, अधिकार और सुविधाएं

बिहार में एमएलसी चुनाव को लेकर 23 अक्टूबर को वोट डाले जायेंगे. इसके बाद 27…

19 घंटे ago

बिना परमिशन रोड शो निकाल फंसे अनंत सिंह और अनुज; MLC चुनाव से पहले दोनों पर 3 केस दर्ज

बिहार में एमएलसी चुनाव को लेकर राजनीतिक तापमान चढ़ा हुआ है। इस बीच विधान परिषद…

2 दिन ago

बिहार में जमीन का दाखिल-खारिज कराने के लिए कौन-कौन से कागजात जरूरी? यहां देखें पूरी लिस्ट

बिहार में जमीन का दाखिल-खारिज कराना चाहते हैं, तो आवेदन करने से पहले जरूरी कागजात…

2 दिन ago

बिहार के सरप्लस शिक्षकों का तबादला कैसे होगा, समझिए पूरा नियम और अगला चरण

फाइल फोटो : बिहार में सरकारी शिक्षकों के तबादले का इंतजार लंबा होता जा रहा…

2 दिन ago

RNAR काॅलेज के पास पुलिस को देखते ही बाइक छोड़कर भागे बदमाश, लोडेड कट्टा बरामद

समस्तीपुर : मुफस्सिल थाना क्षेत्र के आरएनआर कॉलेज के समीप पुलिस ने गश्ती के दौरान…

2 दिन ago