‘नेताओं के बेड से शुरू होता है 90% महिलाओं का राजनीतिक करियर’, ‘घृणित’ बयान पर पप्पू यादव को महिला आयोग का नोटिस

बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादवकी मुश्किलें बढ़ गईं हैं. बिहार राज्य महिला आयोग ने उनको उस वायरल वीडियो को लेकर नोटिस जारी किया है, जिसमें उन्होंने महिलाओं को लेकर बेहद ही ओछी बयानबाजी की है. आयोग ने नोटिस जारी करते हुए उनकी लोकसभा सदस्यता को रद्द करने के लिए अनुशंसा करने तक की धमकी दी है.
पप्पू यादव को महिला आयोग का नोटिस:
बिहार राज्य महिला आयोग की ओर से जारी नोटिस में कहा गया है, ‘सोशल मीडिया के माध्यम से एक प्रसारित वीडियो में राजनीतिक क्षेत्र में कार्य कर रही महिलाओं के प्रति आपके द्वारा घृणित बयान दिया गया है. जिसमें आपके द्वारा यह बात कही गई है कि राजनीति में कार्य कर रही महिलाएं किसी न किसी राजनेताओं के साथ बेड शेयर करके ही आती है, जो महिलाओं के आत्मसम्मान एवं सामाजिक प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाती है.’

तीन दिन में देना होगा जवाब:
महिला आयोग ने पप्पू यादव के वायरल वीडियो पर स्वतः संज्ञान लेते हुए उनसे पूछा है कि आपने इस तरह का घृणित बयान क्यों दिया? साथ ही क्यों नहीं आपके खिलाफ लोकसभा की सदस्यता रद्द करने के लिए लोकसभा अध्यक्ष से अनुशंसा की जाए? पूर्णिया सांसद ‘घृणित’ बयान के संबंध में स्पष्ट जबाव पत्र प्राप्ति के तीन दिनों के अंदर हस्ताक्षर के साथ उपलब्ध कराने को कहा गया है.

पप्पू ने क्या बोला था?:
यह नोटिस उनके विवादित बयान को लेकर जारी किया गया है. उन्होंने पिछले दिनों राजनीति में काम कर रही महिलाओं पर टिप्पणी की थी. दरअसल, पूर्णिया में निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने विवादित बयान दिया था. नारी शक्ति वंदन पर छिड़े सियासी जंग के बीच पप्पू यादव ने महिलाओं को लेकर कहा था कि 90 पर्सेंट महिला नेता के रूम में गए बिना राजनीति नहीं कर सकती है. हर दिन नेताओं का सीसीटीवी फुटेज भी वायरल होता है. स्कूल हो दफ्तर हो हर जगह महिलाओं का शोषण होता है.

पिछले दिनों लोकसभा में सत्तारूढ़ दल की तरफ से नारी शक्ति वंदन बिल के गिर जाने के बाद पक्ष और विपक्ष आमने-सामने हैं. केंद्र में सत्तारूढ़ दल इस बिल के गिरने का की पूरी जिमनेवारी विपक्ष के सांसदों और नेताओं पर मढ रही है. पूरे देश में भारतीय जनता पार्टी सहित उसकी सहयोगी दल लगातार धरना प्रदर्शन कर रही है. ऐसे में पप्पू यादव इंडिया गठबंधन के समर्थन में है और भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ लगातार बयान बाजी करते रहते हैं. इसी के तहत उन्होंने पूर्णिया में महिलाओं के खिलाफ यह बयान दिया था. जिसके बाद उन पर नोटिस हुआ है.


