समस्तीपुर वीमेंस कॉलेज में मनाया गया विश्व मानवाधिकार दिवस

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समस्तीपुर : वीमेंस कॉलेज में प्रधानाचार्या प्रो. सुनीता सिन्हा की अध्यक्षता एवं राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई, राजनीति विज्ञान विभाग एवं मनोविज्ञान विभाग तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकार के संयुक्त तत्वावधान में विश्व मानवाधिकार दिवस मनाया गया। कार्यक्रम की शुरूआत राजनीति विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. मधुलिका मिश्रा ने मंचासीन पदाधिकारी का स्वागत करते हुए मानवाधिकार दिवस के महत्वपूर्ण बिंदुओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मानवाधिकार प्रत्येक व्यक्ति की गरिमा और समानता का आधार है, जो एक सशक्त और समावेशी समाज की नींव रखता है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्रधानाचार्या प्रो. सुनीता सिन्हा ने कहा कि विश्व मानवाधिकार दिवस सम्मान, स्वाभिमान एवं समानता के साथ मानव अधिकारों की रक्षा के प्रति जागरूक करता है यह हमारी जिम्मेदारी है कि इनका सरंक्षण करते हुए देश के विकास में योगदान दे। प्रो. सुरेश साह ने कहा कि मानवाधिकार नैसर्गिक अधिकार है, इसलिए मानवाधिकार को कर्तव्य के साथ जोड़ कर किसी भी सत्ता पर दबाव बनाकर मानव का उद्धार किया जा सकता है।

कार्यक्रम में मंच संचालन का कार्य राजनीति विज्ञान विभाग की छात्रा एवं एनएसएस वालंटियर नमिता ने किया। एनएसएस ऑफिसर डॉ. नीतिका सिंह ने कहा कि भारतीय संस्कृति, भारतीय संविधान व भारत का लोकतंत्र सदैव मानवीय मूल्यों के प्रतिपादक तथा संरक्षक रहें हैं। वहीं जिला विधिक सेवा प्राधिकार समस्तीपुर द्वारा समीर कुमार प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार समस्तीपुर एवं चंदालाल, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार समस्तीपुर के तत्वावधान में वीमेंस कॉलेज मानवाधिकार दिवस पर विधिक जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया।

पैनल अधिवक्ता चित्रलेखा कुमारी ने कहा कि मानवाधिकार की रक्षा के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार हमेशा आगे रहा है। आशा सेवा संस्थान के सचिव अमित कुमार वर्मा ने कहा कि लोगों को उनके मानवाधिकारों से वंचित करना उनकी मानवता को चुनौती देना है। डॉ. विजय कुमार गुप्ता ने कहा कि सभी के विचारों को सम्मान देना ही असली मानवाधिकार है।




