समस्तीपुर Town

नजर हर खबर पर…

SamastipurNEWS

किन्नरों को पता है शिक्षा की महत्ता, महादलित बच्चों में बांटे पाठ्य पुस्तक

यहां क्लिक कर हमसे व्हाट्सएप पर जुड़े 

समस्तीपुर/विभूतिपुर [विनय भूषण] :- अक्सर, किन्नर समाज की चर्चा मात्र से ट्रेनों और बसों में तालियों के इशारे व बातचीत के लहजे से रुपए मांगने की मन में एक तस्वीर बनती है। मगर, प्रखंड अंतर्गत कापन-सिरसी स्थित बाबा श्लेष स्थान के समीप बुधवार को जब किन्नर समाज के लोगों ने शिक्षा की महत्ता को इस कदर परिभाषित किया कि जैसी जमीनी सोच दिल्ली दरबार की चमक सुदूर गांव में नहीं कर पाती है।

किन्नरों के इस कार्य से प्रभावित लोगों का निश्चय हीं भ्रम टूटा है। लोग मन में बनती उस तस्वीर को भूलाकर तारीफ करते नहीं थक रहे। दरअसल, इस समाज के लोगों ने महादलित परिवार के स्कूली बच्चों के बीच पाठ्य पुस्तक, कापी और कलम का वितरण समारोहपूर्वक किया है। समारोह को संबोधित करते हुए कार्यक्रम संयोजक सुमन किन्नर ने कहा कि संविधान निर्माता बाबा साहब भीमराव अम्बेडकर ने थर्ड जेंडर का ख्याल बखूबी रखा था।

उन्होंने कहा था कि शिक्षा वो शेरनी का दूध है, जो पीएगा वो दहाड़ेगा। इसलिए क्षेत्र से जो भी राशि उन्हें लोगों द्वारा बधाई में मिलती है, उस राशि का खर्च शिक्षा के विकास मद में खर्च किया जाता रहेगा। सरकारी व्यवस्था और राजनेताओं की मंशा पर तंज कसते हुए कहा कि गरीब बच्चों को शिक्षित करने से समाज में व्याप्त कुरीतियों, अंधविश्वासों, कुप्रथाओं और रुढ़िवादी सोच को तमाचा लगाया जा सकता है। कहा कि समाज में शिक्षा आने पर बाल अपराध में भी कमी आएगी। इस संपूर्ण कार्य को अमलीजामा देने को लेकर ‘दीदी फाउंडेशन’ नामक संस्था का गठन किया जाना है। जिस पर एक एनजीओ चलाने वाले की गलत नजर है। इसे बचाकर चलना होगा। मौके पर गुंजन किन्नर आदि थे।

ProductMarketingAdMaker 14102019 082310

20201015 075150