समस्तीपुर में अब ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर AI कसेगा शिकंजा, चार जगह लगाये जा रहे कैमरे

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समस्तीपुर : जिले में अब सड़क पर यातायात तोड़ने वालों को आर्टिफिसियल इंटलिजेंस (एआई) की मदद से पहचाना जायेगा। इसके जरिये यातायात व्यवस्था को भी ठीक किया जायेगा। फिलवक्त इसके लिए चार जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाये जा रहे हैं। बिना हेलमेट व सीट बेल्ट के गाड़ी चलाने वाले से लेकर ट्रैफिक के नियम तोड़ने वाले कैमरे की जद में आ जायेंगे।
इतना ही नहीं ओवरस्पीडिंग, रेड लाइट जंप करने, रैश ड्राइविंग, ओवरलोडिंग, बिना हेलमेट व सीट बेल्ट के वाहन चलाना, गलत दिशा में वाहन चलाने वाले पर भी एआई के जरिये कार्रवाई होगी। यातायात नियमों का उल्लंघन करने पर सीसीटीवी के माध्यम से ऑटोमेटेड चालान कटेगा। कैमरे वाहन के नंबर प्लेट को स्वचालित रूप से स्कैन करेंगे, किसी भी प्रकार के यातायात नियमों के उल्लंघन की स्थिति में सिस्टम स्वत: चालान तैयार कर संबंधित वाहन स्वामी के पते पर भेजेगा।

विदित हो कि जिले में औसतन हर दिन एक व्यक्ति की मौत सड़क दुर्घटना में हो रही है। वहीं लोग गंभीर रूप से जख्मी भी रहे है। ट्रैफिक नियम को तो अपना अधिकार समझकर तोड़ते हैं। जिधर से जगह मिली गाड़ी घुसा देते हैं। अपने लेन में चलना भी मुनासिब नहीं समझते हैं। बाइक पर बिना हेलमेट व ट्रिपल लोडिंग तो फैशन बन गया है। चार चक्का वाले सीट बेल्ट लगाना अपनी प्रतिष्ठा के खिलाफ समझते हैं। किशाेर व युवा सड़क पर लहेरिया कट बाइक चलाते हैं। गति सीमा का तो अधिकांश वाहन चालक पालन भी नहीं करते हैं। लेकिन, अब विभाग का एआई सिस्टम पर ऐसे वाहन चालकों को सबक सिखायेगा।

जिले में चार प्रमुख जगहों पर लगाये जा रहे सीसीटीवी कैमरे :
जिला परिवहन पदाधिकारी विवेक चंद्र पटेल ने बताया फिलवक्त चार जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाये जा रहे हैं। बार-बार यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले चालकों का ड्राइविंग लाइसेंस रद्द कर दिया जाएगा। परिवन सचिव से गाइडलाइन मिली है। सघन वाहन चेकिंग अभियान भी चलाया जा रहा है। चालक द्वारा नियम का उल्लंघन करने पर दो बार उन्हें फाइन करके छोड़ दिया जायेगा।

तीसरी बार में उनका लाइसेंस तीन महीने के लिए निलंबित कर दिया जायेगा। वे तीन महीने तक गाड़ी नहीं चला सकेंगे। तीन महीने बाद उसके लाइसेंस को फिर से बहाल किया जायेगा। उसके बाद अगर चौथा और पांचवा केस आयेगा, तो उस चालक का ड्राइविंग लाइसेंस हमेशा के लिए रद्द कर दिया जायेगा। जिन चालकों का लाइसेंस रद्द कर दिया जायेगा, वे एक साल तक नया लाइसेंस नहीं बनवा सकेंगे। परिवहन विभाग के साथ-साथ पुलिस भी वाहनों की जांच कर रही है।




