बिहार में जमीन माफियाओं के साथ सेटिंग रखने वाले विभाग के अधिकारियों की खैर नहीं, विजय सिन्हा ने दी बुलडोजर वाली चेतावनी

बिहार के भूमि राजस्व एवं सुधार मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने बुधवार को प्रेसवार्ता कर भूमि विवाद, दाखिल–खारिज, फर्जीवाड़ा और सरकारी जमीन पर कब्जे को लेकर कई बड़े ऐलान किए. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में भूमि सुधार विभाग की जिम्मेदारी मिली है और इस विभाग को लेकर जनता की अपेक्षाएं बहुत बड़ी हैं. मंत्री ने बताया कि बिहार में भूमि विवाद सबसे बड़ी समस्या है और इसे खत्म करने के लिए सरकार युद्धस्तर पर काम कर रही है.
माफियाओं के साथ सांठ-गाठ करने वाले सफेदपोशों को चेतावनी
विजय सिन्हा ने बड़ा बयान देते हुए कहा कि ऐसी जानकारी सामने आई है कि भूमि माफिया के साथ विभाग के भी कुछ लोग शामिल हैं, जो भी सफेदपोश लोग इस मामले में संलिप्त पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी. अधिकारियों के कार्यालय उनके व्यक्तिगत लाभ के लिए नहीं चलेंगे. हर पंचायत में नियत समय पर बैठकें होंगी और यह सुनिश्चित किया जाएगा कि कर्मचारी कार्यालय में मौजूद हों या नहीं, इस पर निगरानी रखी जाएगी.

विजय सिन्हा ने बताया कि अब तक 46 लाख लोगों ने भूमि से जुड़े मामलों का आवेदन दिया है, जिसमें से करीब 12 लाख मामलों का समाधान होकर पोर्टल पर अपलोड हो चुका है. उन्होंने कहा कि लोगों की परेशानी किसी भी कीमत पर दूर की जाएगी.
दाखिल–खारिज और परिमार्जन सर्वोच्च प्राथमिकता
मंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिया कि दाखिल–खारिज और परिमार्जन विभाग की पहली प्राथमिकता होगी. सभी जिलों में साप्ताहिक समीक्षा होगी और समयबद्ध ढंग से कार्य पूरा करना अनिवार्य होगा. उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा- “बिना कारण आवेदनों को रिजेक्ट करने की मानसिकता खत्म करनी होगी. यदि कोई अधिकारी आवेदन खारिज करता है, तो उसे ठोस कारण देना होगा और उसकी जांच भी की जाएगी.”

फर्जी कागजात वालों पर बड़ी कार्रवाई, उड़ान दस्ता का गठन
विजय सिन्हा ने कहा कि फर्जी दस्तावेज देकर गड़बड़ी करने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी. इसके लिए “उड़ान दस्ता” नामक विशेष टीम बनाई गई है जो फर्जीवाड़े पर निगरानी रखेगी. उन्होंने कहा कि कई जगह विभाग के ही कुछ लोग भूमि माफिया के साथ मिले हुए हैं, ऐसे “सफेदपोश” लोगों पर भी कार्रवाई तय है.

अधिकारियों को चेतावनी-“कार्यालय आपकी थैली में नहीं रहेगा”
मंत्री विजय सिन्हा ने सख्त लहजे में कहा- “किसी अधिकारी का कार्यालय उसकी थैली के अंदर नहीं चलेगा.”
उन्होंने कहा कि हर पंचायत में नियमित बैठक होगी और कर्मचारियों की उपस्थिति पर सख्त निगरानी रखी जाएगी.

12 दिसंबर से ‘भूमि सुधार संवाद’ की शुरुआत
सरकार ने “भूमि सुधार संवाद” नामक नया कार्यक्रम शुरू करने का फैसला किया है. इसकी शुरुआत 12 दिसंबर को पटना से होगी. वहीं 15 दिसंबर को लखीसराय में संवाद होगा. यह कार्यक्रम सुबह 10 बजे से 12 बजे तक चलेगा. इस संवाद में कोई भी व्यक्ति अपने जमीन–सम्बंधी दस्तावेज लेकर आ सकता है और तत्काल समाधान किया जाएगा.

सरकारी जमीन पर कब्जा: बुलडोजर से भी बड़ी कार्रवाई
सरकारी जमीन पर कब्जे को लेकर मंत्री ने कहा- “बुलडोजर शब्द आनंदित करता है. लोगों के दिल में इस शब्द का डर पैदा करना होगा.” उन्होंने कहा कि फर्जीवाड़ा पकड़े जाने पर बुलडोजर से भी ज्यादा कड़ी कार्रवाई होगी. इसके अलावा, गलत करने वालों की जानकारी देने वाले लोगों को सम्मानित किया जाएगा. मार्च के बाद पूरे बिहार में सरकारी जमीन को कब्जामुक्त कराने के लिए विशेष अभियान चलेगा.


