अबकी बार, बिहार में किसकी सरकार? कुछ ही देर में आएंगे एग्जिट पोल के नतीजे, पिछले 2 चुनावों में गलत साबित हुए थे

बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण की वोटिंग भी खत्म हो गई है. राज्य की रिकॉर्डतोड़ वोटिंग से साफ है कि जनता ने किसी एक खेमे को सत्ता की बागडोर सौंपने का फैसला कर लिया है. अब से कुछ देर बाद ही तमाम टीवी चैनल और एजेंसियां अपने एग्जिट पोल के नतीजे जारी करना शुरू करेंगे
प्रमुख सर्वे एजेंसियां 243 सीटों वाले बिहार विधानसभा चुनाव की सीटों का अनुमान पेश करेंगी. इन एग्जिट पोल्स के ज़रिए जनता के मूड और संभावित नतीजों की शुरुआती तस्वीर सामने आएगी. इससे पता चलेगा कि राज्य में फिर से नीतीश कुमार की सरकार बन रही है या फिर तेजस्वी के नेतृत्व में बदलाव होगा. हालांकि, असली तस्वीर 14 नवंबर को मतगणना के दिन ही साफ होगी, जब वोटों की गिनती के बाद नतीजे आधिकारिक रूप से सामने आएंगे.

इस बार बिहार में मतदान दो चरणों में हुआ. पहला चरण 6 नवंबर को और दूसरा 11 नवंबर को. अब सभी की निगाहें शाम कुछ देर बाद जारी होने वाले वाले एग्जिट पोल्स पर टिकी हैं, जो यह इशारा देंगे कि बिहार का जनादेश किस ओर झुक सकता है.

बिहार में फेल हो जाता है एग्जिट पोल
पिछले 3 विधानसभा चुनावों (2010, 2015, 2020) के एग्जिट पोल्स के रुझान बताते हैं कि सर्वे एजेंसियां वोटर्स का मूड ठीक से पकड़ नहीं पाईं. 2015 में ज्यादातर एग्जिट पोल्स ने NDA यानी भाजपा+ को बढ़त दी थी, जबकि नतीजों में महागठबंधन (RJD-JDU-कांग्रेस) ने स्पष्ट बहुमत हासिल किया.

वहीं, 2020 में तस्वीर उलटी रही. इस बार कई एजेंसियों ने महागठबंधन की जीत का अनुमान लगाया, लेकिन परिणामों में NDA ने 125 सीटें जीतकर सरकार बनाई. यानी ज्यादातर पोल्स फिर गलत साबित हुए.




