16 मंत्री, तेजस्वी-तेजप्रताप, विजय चौधरी, महेश्वर हजारी सहित 1314 कैंडिडेट के भाग्य का फैसला, जनता किसे करेगी वोट?

बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण के लिए मतदान गुरुवार को होगा. बुधवार शाम तक पहले चरण के मतदान के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. इस चरण में कुल 3.75 करोड़ मतदाता 1,314 उम्मीदवारों की चुनावी किस्मत का फैसला करेंगे. इस चरण में विपक्षी ‘इंडिया’ गठबंधन के मुख्यमंत्री पद के चेहरे तेजस्वी यादव और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के उम्मीदवार एवं उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा के साथ-साथ 16 मंत्रियों की किस्मत भी दांव पर है.
राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के नेता तेजस्वी यादव राघोपुर सीट से लगातार तीसरी जीत दर्ज करने की कोशिश में हैं. उनके मुख्य प्रतिद्वंद्वी भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सतीश कुमार हैं, जिन्होंने 2010 में जनता दल (यूनाइटेड) के टिकट पर तेजस्वी की मां और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को पराजित किया था. राघोपुर सीट से जन सुराज के नेता प्रशांत किशोर ने तेजस्वी के खिलाफ चुनाव लड़ने का ऐलान किया था, लेकिन बाद में उन्होंने मैदान में उतरने से परहेज किया और उनकी पार्टी ने चंचल सिंह को उम्मीदवार बनाया है.

महुआ सीट पर तेज प्रताप की सियासी प्रतिष्ठा दांव पर
राघोपुर सीट से सटी महुआ सीट पर तेजस्वी के बड़े भाई और जनशक्ति जनता दल के संस्थापक तेज प्रताप यादव बहुकोणीय मुकाबले में फंसे हैं. तेज प्रताप इस सीट पर राजद विधायक मुकेश रौशन को चुनौती दे रहे हैं. राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के घटक लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) के संजय सिंह और 2020 में दूसरे स्थान पर रहीं आसमा परवीन निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर मैदान में हैं जिससे मुकाबला दिलचस्प हो गया है.

पहले चरण में 16 मंत्रियों के भाग्य का फैसला करेंगे वोटर
पहले चरण में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सरकार के 16 मंत्रियों की किस्मत का फैसला होगा. इनमें भाजपा से 11 और जद(यू) से पांच मंत्री शामिल हैं. JDU के 5 मंत्रियों में जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी (सरायरंजन), नालंदा से ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार, बहादुरपुर से समाज कल्याण मंत्री मदन सहनी, कल्याणपुर से सूचना एवं जनसंपर्क मंत्री महेश्वर हजारी और सोनबरसा से रत्नेश सदा के किस्मत का फैसला गुरुवार को वोटर करेंगे.





