Bihar

चलंत कंप्यूटर लैब, अन्य कई सुविधाएं; बिहार में अब घूम-घूम कर बच्चों को कम्प्यूटर की जानकारी दी जायेगी

बिहार के हर प्रखंड में मोबाइल कम्प्यूटर लैब होगी। यह जानकारी शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस सिद्धार्थ ने दी। वे शिक्षा की बात, हर शनिवार के छठे एपिसोड में शिक्षकों और स्कूली बच्चों के सवालों का जवाब दे रहे थे। डॉ. सिद्धार्थ ने कहा कि यह लैब पूरे प्रखंड के विद्यालयों में घूम-घूम कर बच्चों को कम्प्यूटर की जानकारी देगी। इसमें प्राइमरी स्कूल के बच्चों को कम्प्यूटर को जानने का अवसर मिलेगा। अभी आठवीं तक के बच्चों को विद्यालय में ही कम्प्यूटर की शिक्षा दी जाती है।

डॉ. सिद्धार्थ ने कहा कि स्कूल के पहले दिन ही बच्चों को पुस्तक, बैग व यूनिफार्म मिल जाएगी। पहली अप्रैल 2025 से योजना कार्यान्वित होगी। इसी तरह सरकारी शिक्षकों के लिए ड्रेस कोड का पालन करना अनिवार्य होगा। उन्होंने बच्चों को पोशाक राशि समय पर उपलब्ध नहीं कराने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी। कहा कि हर हाल में बच्चों को समय पर पोशाक उपलब्ध कराना होगा। एक सप्ताह के अंदर पोशाक राशि शेष बच्चों को मिल जाएगी। अपर मुख्य सचिव ने बताया कि विद्यालयों में खेल के मैदान की कमी को देखते हुए अगल-बगल के मैदान को खाली कराकर सरकारी विद्यालय को देने की योजना है। इस संबंध में जिलाधिकारियों को निर्देश दिया गया।

विद्यालय में मोबाइल लेकर जाने पर विभाग सख्त

विद्यालय में बच्चों द्वारा मोबाइल के इस्तेमाल को सरकार ने गंभीरता से लिया है। अपर मुख्य सचिव ने कहा कि किसी सूरत में इसकी इजाजत नहीं दी जा सकती। यह भी कहा कि विद्यालयों की औचक (सरप्राइज) जांच होगी। दोषियों पर कड़ी कार्रवाई भी होगी।

अशिक्षित बच्चा अपने गांव के लिए मुसीबत

डॉ. सिद्धार्थ ने कहा कि अशिक्षित बच्चा अपने गांव के लिए मुसीबत होता है। विद्यालय से बाहर रहने वाले सभी बच्चे को हर हाल में विद्यालय पहुंचाया जाना चाहिए। ग्रामीण सुनिश्चित करें कोई बच्चा स्कूल से बाहर न रहे। पंचायत प्रतिनिधि, आंगनबाड़ी सेविका, जीविका सबकी जिम्मेदारी है कि वे यह देखें कि कोई बच्चा स्कूल के समय बाहर न रहे। बाहर छूमते बच्चों को विद्यालय पहुंचाएं। प्रधानाध्यापक को इसकी जानकारी दें। ग्रामीण किसी बच्चे को अशिक्षित न रहने दें।

लाइब्रेरी से बच्चे घर ले जा सकेंगे किताब

विद्यालय की लाइब्रेरी से बच्चे अब किताब घर भी ले जा सकेंगे। शिक्षा विभाग इसके लिए सभी विद्यालयों के लिए अलग से निर्देश जारी करेगा। सप्ताह के लिए बच्चों को किताब दी जाएगी।

विद्यालय की लैब में नहीं चलेंगी कक्षा

विद्यालय की लैब में कक्षा नहीं होगी। लैब में सिर्फ प्रायोगिक जानकारी दी जाएगी। डॉ. सिद्धार्थ ने कहा कि लैब में पढ़ाई उचित नहीं। सीवान में जांच के क्रम में इस तरह की गड़बड़ी मिली थी। जहां विद्यालय के लैब में कक्षा चल रही थी।

Avinash Roy

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