बिहार में लिच्छवी एक्सप्रेस से टकराया ट्रैक्टर, इंजन में ट्राली फंसने से डेढ़ घंटे रुकी रही ट्रेन
मुजफ्फरपुर-सीतामढ़ी रेलखंड पर ताराजीवर-परमजीवर और रुन्नीसैदपुर स्टेशन के बीच 14006 डाउन लिच्छवी एक्सप्रेस एक ट्रैक्टर से रविवार की रात टकरा गई। ट्रैक्टर को ट्रेन की चपेट में आता देख चालक गाड़ी से कूद गया।
इससे वह बाल-बाल बच गया, मगर घटना से यात्रियों में दहशत फैल गई। रात का समय होने के कारण यात्री डर गए। ट्रेन के रुकते ही यात्री उतर गए। ट्रैक्टर के इंजन से टकराने की जानकारी मिलने पर उन्हें राहत मिली। ट्रैक्टर का इंजन तो आगे निकल गया, मगर ट्राली ट्रेन के इंजन में फंस गई।

संयोग अच्छा रहा कि ट्रेन पटरी से नहीं उतरी,
संयोग अच्छा रहा कि ट्रेन पटरी से नहीं उतरी, अन्यथा बड़ी दुर्घटना हो सकती थी। इस घटना के कारण लिच्छवी एक्सप्रेस रात पौने आठ से लेकर सवा नौ बजे तक वहां रुकी रही। इंजीनियरिंग विभाग के कर्मियों ने पहुंच कर ट्राली से इंजन को निकाला। क्षतिग्रस्त इंजन को सही किया गया।


उसके बाद ट्रेन को सीतामढ़ी के लिए रवाना कर दिया गया। सूचना मिलने पर आरपीएफ के जुब्बा सहनी इंचार्ज पवन कुमार ठाकुर पहुंचे और इस मामले में केस दर्ज किया।

बताया जाता है कि ताराजीवर-परमजीवर और रुन्नीसैदपुर स्टेशन के बीच 18 नंबर फाटक पर बूमर नहीं लगता। यहां किसी कर्मचारी की तैनाती भी नहीं रहती। यहां वाहनों का आना-जाना रहता है। समस्तीपुर डीआरएम विनय कुमार श्रीवास्तव से आदेश पर घटना की जांच शुरू हो गई है।




