विधान परिषद की पांच सीटों के लिए मतदान आज, भाजपा और महागठबंधन में कांटे के टक्कर के आसार
बिहार विधान परिषद की पांच सीटों पर शुक्रवार को होने वाले मतदान के लिए चुनाव आयोग ओर से सभी तैयारियां पूरी कर ली गई है। आयोग की ओर से पांचों सीट के लिए 27 जिलों के 281 प्रखंडों में मतदान केंद्र बनाए गए हैं।
राज्य में कोसी, गया और सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में मतदाताओं की संख्या कम है। वहीं, गया और सारण स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में मतदाताओं की संख्या अधिक है। निर्वाचन क्षेत्र की बात करें तो प्रति निर्वाचन क्षेत्र करीब 20-20 हजार मतदाता हैं। जबकि स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए प्रति निर्वाचन क्षेत्र करीब एक लाख 20 हजार मतदाता हैं।

विधान परिषद की सीटों पर निर्वाचन का काम वरीयता के आधार पर किया जाता है। ऐसे में हर मत का मूल्य होता है। शुक्रवार को मतदान के बाद पांच अप्रैल को सभी निर्वाचन क्षेत्रों के प्रमंडलीय मुख्यालय में मतों की गिनती होगी। पांचों निर्वाचन क्षेत्रों में 48 प्रत्याशी किस्मत आजमा रहे हैं।

प्रत्याशियों ने घर-घर जाकर किया संपर्क
पांच सीटों के प्रत्याशियों ने गुरुवार को आखिरी बार घर- घर जाकर मतदाताओं से संपर्क साधने का प्रयास किया। निर्वाचन क्षेत्र के अनुसार कोसी शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र का विस्तार पूर्णिया, सुपौल, मधेपुरा, सहरसा, खगडि़या, मुंगेर, लखीसराय, शेखपुरा, जमुई, बांका, भागलपुर, कटिहार, अररिया और किशनगंज जिलों में फैला हुआ है।
वहीं, सारण स्नातक और सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में सारण, पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज और सिवान जिले शामिल हैं। गया शिक्षक व गया स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में गया, जहानाबाद, औरंगाबाद, अरवल, रोहतास, कैमूर, भोजपुर और बक्सर जिले शामिल हैं।
स्नातक और शिक्षक कोटे की सीटों के जरिए भाजपा विधान परिषद में सबसे बड़ा दल बनने के प्रयास में है। पांच सीटों के लिए चुनाव हो रहा, जिनमें से पार्टी के खाते में मात्र एक सीट है। उसका प्रयास इनमें से अधिसंख्य सीटों को जीत कर उच्च सदन में संख्या बल के लिहाज से बड़ा दल बनने की ओर है।

भाजपा और महागठबंधन में कांटे के टक्कर के आसार
इसी आशा और रणनीति के तहत भाजपा ने पांचों सीटों पर अपने प्रत्याशी दिए हैं। वर्तमान में चुनाव वाली पांच में से तीन सीटें अभी जदयू के पास हैं और एक भाजपा के खाते में। इनके अलावा सारण की सीट भाकपा से विधान पार्षद रहे केदार पांडेय के निधन से रिक्त हुई है। भाजपा और महागठबंधन के बीच इन पांचों सीटों पर कांटे की टक्कर के आसार हैं।

विधान परिषद में अभी सर्वाधिक 24 सदस्य जदयू के हैं। भाजपा उससे एकमात्र कम की सदस्य संख्या वाली पार्टी है। महागठबंधन की ओर से तीन सीटों पर जदयू, एक सीट पर राजद और सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से दिवंगत केदार पांडेय के पुत्र पुष्कर आनंद भाकपा के प्रत्याशी हैं।

राजद के प्रत्याशी पुनीत सिंह पार्टी के प्रदेश जगदानंद सिंह के पुत्र हैं। 75 सदस्यीय विधान परिषद में वर्तमान में दो सीटें रिक्त हैं। इसमें एक सीट जदयू छोड़ने और एमएलसी की सदस्यता से उपेंद्र कुशवाहा के त्यागपत्र देने के कारण रिक्त हैं। वहीं, दूसरी सीट केदार पांडेय के निधन से रिक्त है।


