क्राइम मीटिंग के दौरान SP ने सभी थानेदारों को वांछित व वारंटी आरोपितों पर हर हाल में कार्रवाई सुनिश्चित करने का दिया निर्देश
जेल से बाहर निकले बदमाशों पर एसपी ने नजर रखने का दिया निर्देश
करीब चार घंटे तक चली क्राइम मीटिंग, सभी थानाध्यक्षों से एसपी ने एक-एककर ली रिपोर्ट

समस्तीपुर : कलेक्ट्रेट सभागार में शनिवार को एसपी अरविंद प्रताप सिंह की अध्यक्षता में मासिक क्राइम मीटिंग का आयोजन किया गया। बैठक चार घंटे से अधिक समय तक चली। इस दौरान एसपी ने अपराध समीक्षा से लेकर जन शिकायतों के निस्तारण तक व्यापक स्तर पर दिशा-निर्देश जारी किए। बैठक के दौरान सभी थानों में पंजीकृत अभियोगों की विस्तृत समीक्षा की गई।
एसपी ने गंभीर अपराधों के लंबित मामलों का गुण-दोष के आधार पर शीघ्र निस्तारण करने और वांछित व वारंटी की गिरफ्तारी हर हाल में सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। वहीं महिला संबंधी अपराधों पर विशेष रूप से प्रभावी कार्रवाई करने पर जोर देते हुए उन्होंने शातिर व अभ्यस्त अपराधियों की पहचान कर उनकी हिस्ट्रीशीट खोलने के आदेश दिए।

गुंडा एक्ट के तहत जिलाबदर की कार्रवाई तथा माफियाओं के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट व एनएसए के तहत कार्रवाई करने की बात कही। उन्होंने अवैध शराब, अवैध शस्त्र, जुआ तथा मादक पदार्थों के खिलाफ निरंतर अभियान चलाकर कार्रवाई करने पर जोर दिया। कहा कि गंभीर अपराधों, दुष्कर्म, पॉक्सो समेत संवेदनशील मामलों में प्रभावी पैरवी कर आरोपितों को अधिकतम सजा दिलाना प्राथमिकता होनी चाहिए।

एसपी ने कहा कि सर्दियों में कोहरा अधिक पड़ने से चोरी व गृहभेदन की बढ़ती घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए ठोस कार्ययोजना बनाने और संबंधित इलाकों में सक्रिय निगरानी रखने के निर्देश भी जारी किए गए। भीड़भाड़ एवं संवेदनशील क्षेत्रों में गश्त बढ़ाने, पीआरवी वाहनों की रैंडम चेकिंग कर उनकी सतर्कता की जांच करने व भूमि विवादों में राजस्व विभाग के साथ समन्वय कर समय-समय पर रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए गए। बैठक के अंत में एसपी ने स्पष्ट कहा कि कानून-व्यवस्था में कोई भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और प्रत्येक अधिकारी अपने दायित्वों का पूरी गंभीरता से निर्वहन करें। इस दौरान सभी थानाध्यक्षों से एसपी ने एक-एककर कर थानावार रिपोर्ट ली। इस दौरान सभी एसडीपीओ, सर्किल इंस्पेक्टर व थानाध्यक्ष मौजूद रहे।






