समस्तीपुर Town

नजर हर खबर पर…

SamastipurNEWS

विभूतिपुर विधानसभा क्षेत्र से राजीव रंजन ने चुनाव लड़ने को कसी कमर, क्षेत्रवासियों के लिये निजी कोष से दिये कई सौगात

IMG 20250626 WA0160

यहां क्लिक कर हमसे व्हाट्सएप पर जुड़े 

समस्तीपुर/विभूतिपुर [केशव बाबू] : विभूतिपुर में एक बार पुनः आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। कई प्रत्याशी जोर-शोर से क्षेत्र में जनसंपर्क अभियान चला रहे हैं। वहीं विभूतिपुर विधानसभा क्षेत्र से राजीव रंजन के चुनाव लड़ने की भी चर्चा तेज हो चुकी है। इसको लेकर कई तरह के कयास लगाये जा रहे हैं। लोजपा (रा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष सह केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान से मिलने और तस्वीर सोशल सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद राजीव रंजन के चुनाव लड़ने की चर्चा चल रही है।

कौन है राजीव रंजन कब हुई राजनीतिक की शुरुआत :

विभूतिपुर विधानसभा क्षेत्र के टभका निवासी राजीव रंजन रियल एस्टेट व्यवसाय में सक्रिय है। राजीव रंजन कुमार का राजनीतिक सफर वर्ष 2000 से शुरू हुआ। उन्होंने विभूतिपुर विधानसभा क्षेत्र 138 से जदयू के टिकट पर चुनाव लड़ा और 19,000 वोट प्राप्त किए। इसके बाद उन्होंने वर्ष 2010 में मोरवा विधानसभा क्षेत्र (135) से शिवसेना के प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ा और 8,000 वोट हासिल किए। वर्ष 2015 में उन्होंने समस्तीपुर एमएलसी से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ा, जिसमें उन्हें 418 वोट प्राप्त हुए।

IMG 20250515 WA0048

paid hero ad 20250215 123933 1 scaled

राजीव रंजन कुमार ने 2014 में भाजपा सदस्यता अभियान के तहत समस्तीपुर जिले में लगभग 11,000 युवाओं को पार्टी से जोड़ा। उन्होंने मिशन मोदी अगेन पीएम 2019 के दौरान बिहार और पश्चिम बंगाल के कार्यवाहक अध्यक्ष के रूप में अहम भूमिका निभाई। उनके द्वारा एक बार पुनः आगामी विधानसभा चुनाव में उम्मीदवारी को लेकर क्षेत्र की राजनीतिक गर्म हो गई है।

IMG 20240904 WA0139

राजीव रंजन के द्वारा क्षेत्रवासियों से कई लुभावने वादे किये जा रहे हैं, जिनमें मुफ्त एम्बुलेंस की व्यवस्था व शव वाहन की व्यवस्था चुनाव के पहले करने की बात कही गई है। वहीं युवाओं के लिए क्रिकेट कोचिंग की शुरुआत, बच्चों के बिहार पुलिस और सेना में प्रवेश हेतु प्रैक्टिस करने के लिए पोशाक, निःशुल्क बुक बैंक में पुस्तक उपलब्ध कराने की बात कही है।उन्होंने बताया कि उनके द्वारा 50 बेड वाला एक अस्पताल भी निर्माणाधीन है, वहीं नून नदी पर 15 लाख की लागत से एक महत्वपूर्ण सड़क मोर का भी निर्माण कराया हैं।

Dr Chandramani Rai 12x18 Sticker scaled

क्या है विभूतिपुर विधानसभा का समीकरण :

बिहार के 243 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में से एक विभूतिपुर विधानसभा सीट है। विभूतिपुर 1967 से एक विधानसभा क्षेत्र के रूप में अस्तित्व में है और यह उजियारपुर लोकसभा क्षेत्र के छह विधानसभा क्षेत्रों में से एक है। अब तक यहां 14 बार विधानसभा चुनाव हो चुके हैं। इस सीट की राजनीति में कुशवाहा जाति का वर्चस्व रहा है, जो एकजुट होकर अपने जाति-आधारित उम्मीदवार को जिताने में अहम भूमिका निभाती है। आपको बता दे कि आज भी विभूतिपुर में वामपंथी दलों का मजबूत आधार है, यहां से अब तक कुल आठ बार वामपंथी उम्मीदवारों की जीत हुई है, जिसमें सात बार सीपीआई (मार्क्सवादी) और एक बार 1967 में सीपीआई की जीत शामिल है।

IMG 20250204 WA0010

1990 से 2005 के बीच पांच बार लगातार चुनाव सीपीआई (एम) ने जीता। रामदेव वर्मा ने छह बार यह सीट सीपीएम के लिए जीती। 2020 में अजय कुमार ने सीपीएम उम्मीदवार के रूप में जेडीयू के राम बालक सिंह को हराकर सीट पर वापसी की, वहीं बाकी छह मौकों में यह सीट तीन बार कांग्रेस, दो बार जेडीयू और एक बार संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी के पास गई।

2020 के विधानसभा चुनाव में अजय कुमार ने 40,496 वोटों के भारी अंतर से जीत दर्ज की। उन्होंने जेडीयू के पूर्व विधायक राम बालक सिंह को हराया, जो 2010 और 2015 में यह सीट जीत चुके थे। यह जीत इतनी निर्णायक थी कि एलजेपी को जेडीयू का खेल बिगाड़ने का भी मौका नहीं मिला। एनडीए की स्थिति अभी भी कमजोर दिख रही है। एलजेपी के दोबारा एनडीए में लौटने के बाद, गठबंधन एकजुट होकर सीपीएम को चुनौती दे सकता है।

IMG 20241218 WA0041

2020 में जेडीयू और एलजेपी को मिले कुल वोट 62,137 थे, जो सीपीएम से सिर्फ 11,685 वोट कम थे। राजनीतिक जानकारों की मानो तो अगर एनडीए एक मजबूत कुशवाहा उम्मीदवार उतारे, तो यह अंतर पाटना मुमकिन है। इसकी झलक 2024 के लोकसभा चुनाव में दिखी, जब विभूतिपुर विधानसभा क्षेत्र में एनडीए और महागठबंधन के बीच अंतर घटकर सिर्फ 3,312 वोट रह गया। 2020 में विभूतिपुर में कुल 2,69,431 पंजीकृत मतदाता थे, जिनमें से 17.70 प्रतिशत अनुसूचित जाति और 6.3 प्रतिशत मुस्लिम मतदाता थे, मतदान प्रतिशत 60.93% रहा, जो बिहार के औसत से बेहतर है,2024 लोकसभा चुनावों में मतदाता संख्या बढ़कर 2,75,861 हो गई है। 2025 के विधानसभा चुनाव में विभूतिपुर सीट पर महागठबंधन, खासकर सीपीएम, को स्पष्ट बढ़त प्राप्त है, लेकिन अगर एनडीए एक मजबूत जातिगत समीकरण और रणनीतिक उम्मीदवार के साथ मैदान में उतरता है, तो राजनीतिक तस्वीर बदल सकती है।

IMG 20250404 WA0105 1

IMG 20230818 WA0018 02

20201015 075150