समस्तीपुर/रोसड़ा : उपकारा में बंद बंदियों के बेहतर भविष्य एवं आत्मनिर्भर बनने के लिए बुधवार को कृषि व्यवसाय प्रशिक्षण की शुरुआत की गयी। इसमें कुल 35 बंदियों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस 13 दिवसीय प्रशिक्षण में जैविक सब्जी, फूलों की नर्सरी, धान की नर्सरी और आधुनिक कृषि देखभाल से संबंधित जानकारी दी जाएगी।
ताकि जेल से छूटने के बाद बंदी इसकी खेती कर अपने परिवार का भरण पोषण कर सकते हैं। कृषि वैज्ञानिकों ने बंदियों को खेती के बारे में टिप्स बताया। उन्होंने कहा कि 13 दिनों तक चलने वाली इस ट्रेनिंग कार्यक्रम में इसका कारोबार व बाजार के बारे में बंदियों की ट्रेनिंग दी गई।
उपकारा अधीक्षक अरविंद कुमार साह ने बताया कि जेल में खेती का प्रशिक्षण लेने के बाद वे जेल से रिहाई के बाद अपराध की दुनिया को छोड़कर आत्मनिर्भर बन सकेंगे। इस पहल का उद्देश्य बंदियों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना और समाज की मुख्य धारा से जोड़ना है। उन्होंने बताया कि बंदियों की सुविधा के लिए उपकारा में ई-श्रम कार्ड कैम्प की भी सुविधा की गई है। मौके पर प्रभारी उपाधीक्षक आशीर्वाद कुमार भी मौजूद थे।
समस्तीपुर : श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग की ओर से बुधवार को विधि…
समस्तीपुर : मुफस्सिल थाना क्षेत्र के जितवारपुर स्थित समस्तीपुर कॉलेज के पुराने बंद पड़े हॉस्टल…
समस्तीपुर/ताजपुर : समस्तीपुर जिले के ताजपुर थाना क्षेत्र में बुधवार को हुए दर्दनाक सड़क हादसे…
समस्तीपुर : समस्तीपुर में बुधवार को माय भारत (मेरा युवा भारत) की जिला सलाहकार समिति…
बिहार सरकार की आज होने वाली कैबिनेट बैठक पर पूरे राज्य की नजरें टिकी हैं।…
समस्तीपुर : बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) ने मैट्रिक और इंटरमीडिएट परीक्षा 2026-27 में शामिल…