Bihar

चिराग के सामने चाचा पस्त, पारस ने उठाई पार्टी और परिवार एक करने की बात, सीएम पर भी बोले

राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी के प्रमुख पशुपति कुमार पारस अपने भतीजे केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान के सामने पस्त नजर आ रहे हैं। उन्होंने भतीजे से अदावत को साइड में रखते हुए पार्टी और परिवार को एक करने की बात कह दी है। पारस ने यह भी कहा कि अगर चिराग बिहार के मुख्यमंत्री बनते हैं, तो उन्हें खुशी होगी। लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के मुखिया चिराग पासवान ने पिछले दिनों एक कार्यक्रम में अपने चाचा पारस के पैर छूकर आशीर्वाद लिया था।

पूर्व केंद्रीय मंत्री पशुपति पारस ने गुरुवार को पटना में मीडिया से बातचीत के दौरान लोजपा के दोनों गुटों को एक करने की बात कही। उन्होंने कहा, ‘देर से आए लेकिन दुरुस्त आए, समर्थक चाहते हैं कि पार्टी और परिवार एक हो जाए।” सियासी गलियारों में इस पर चर्चा शुरू हो गई है। माना जा रहा है कि चाचा पारस ने अपनी पार्टी रालोजपा और चिराग की पार्टी लोजपा (रामविलास) के विलय का अनौपचारिक प्रस्ताव दे दिया है।

रामविलास के निधन के बाद चाचा-भतीजा में हो गया था झगड़ा

दरअसल, लोक जनशक्ति पार्टी के संस्थापक रहे रामविलास पासवान के निधन के बाद उनकी पार्टी में राजनीतिक विरासत को लेकर टूट हो गई थी। रामविलास के बेटे चिराग और भाई पशुपति पारस ने अलग-अलग गुट बना लिए थे। उस समय लोजपा के कुल 6 सांसद थे। चिराग को छोड़ सभी सांसद पारस के समर्थन में आ गए थे और पशुपति पारस अपने भाई रामविलास की जगह केंद्र में मंत्री बने थे। चिराग एनडीए से अलग हो गए थे।

2024 के लोकसभा चुनाव से पहले चिराग पासवान की एनडीए में वापसी हुई। पारस ने केंद्रीय मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था। एनडीए में पारस के गुट वाली पार्टी रालोजपा को साइडलाइन कर दिया गया। पिछले लोकसभा चुनाव में चिराग के गुट वाली लोजपा (रामविलास) को 5 सीटें दी गईं, जबकि रालोजपा खाली हाथ रही।

बाद में पशुपति पारस ने एनडीए से नाता तोड़ लिया था। 2025 का बिहार विधानसभा चुनाव रालोजपा ने गठबंधन से अलग रहकर लड़ा, लेकिन एक भी सीट नहीं जीत पाई। अब पारस अपनी पार्टी को संगठनात्मक रूप से मजबूत करने में लगे हैं। इस बीच उन्होंने इच्छा जाहिर कर दी है कि लोजपा के दोनों गुट वापस एक हो जाएं। हालांकि, इस पर चिराग पासवान की क्या प्रतिक्रिया आती है, यह देखने वाली बात होगी।

भतीजे ने छुए थे चाचा के पैर

पिछले सप्ताह खगड़िया जिले में एक कार्यक्रम के दौरान पशुपति पारस और चिराग पासवान का आमना-सामना हुआ था। उस समय चिराग ने अपने चाचा के पैर छूकर आशीर्वाद लिया था। दोनों के बीच कुछ पल के लिए बातचीत भी हुई थी। इसके बाद कयास लगाए जाने लगे कि चाचा-भतीजे के रिश्तों के बीच जमी बर्फ पिघल रही है। नवंबर 2025 में जब बिहार चुनाव में एनडीए की प्रचंड जीत हुई थी। तब भी पशुपति पारस ने सोशल मीडिया पोस्ट में अपने भतीजे चिराग पासवान को बधाई दी थी। जब चिराग से इस बारे में पूछा गया था तो उन्होंने कहा था कि चाचा की गाली भी उनके लिए आशीर्वाद के समान है।

Avinash Roy

Recent Posts

समस्तीपुर : कमरे में मिली शराब की टूटी बोतलें, दूसरे में युवक का श*’व, परिजनों ने ह’*त्या की आशंका जतायी; 10 दिन पहले ही लौटा था बनारस से

समस्तीपुर : समस्तीपुर जिले के अंगारघाट थाना क्षेत्र के डढ़िया गांव में घर से कुछ…

8 घंटे ago

सरायरंजन में प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी का अतिरिक्त प्रभार BDO सुनील कुमार को मिला; निलंबित BEO निर्मला कुमारी के स्थान पर की गई प्रतिनियुक्ति

समस्तीपुर : सरायरंजन प्रखंड में प्रशासनिक कार्यों के सुचारू संचालन के लिए प्रखंड विकास पदाधिकारी…

8 घंटे ago

भूमि विवाद के 12 मामलों की सुनवाई, 7 का निष्पादन; समस्तीपुर सदर SDO की अध्यक्षता में हुई सुनवाई

समस्तीपुर : सदर अनुमंडल कार्यालय प्रकोष्ठ में बुधवार को एसडीओ राकेश कुमार की अध्यक्षता में…

10 घंटे ago

पुत्र की पिटाई से बुजुर्ग पिता की मौ’त, जमीनी विवाद में दिया घटना को अंजाम

समस्तीपुर/ताजपुर : समस्तीपुर जिले के बंगरा थाना क्षेत्र के गौसपुर सरसौना गांव में मंगलवार की…

11 घंटे ago

समस्तीपुर में रात और सुबह के समय लगेगी हल्की ठंड, 14 से 18 अक्टूबर के मौसम पूर्वानुमान में तापमान गिरने का अलर्ट

समस्तीपुर : समस्तीपुर जिले के पूसा स्थित ग्रामीण कृषि मौसम सेवा केंद्र और भारत मौसम…

21 घंटे ago

समस्तीपुर : फर्जी APK फाइल डाउनलोड कराकर महिला स्वास्थ्यकर्मी के खाते से उड़ाए 2.07 लाख रुपये

समस्तीपुर : साइबर ठगों ने एक बार फिर अपनी चालाकी से एक महिला स्वास्थ्यकर्मी को…

1 दिन ago