पटना मेट्रो के अंडरग्राउंड टनल के दूसरे फेज की खुदाई का काम शुरू हो गया है. यह खुदाई मोइन उल हक स्टेडियम के बाद अब गांधी मैदान से आकाशवाणी के बीच भूमिगत मेट्रो लाइन के लिए की जा रही है. इसके साथ ही राज्य सरकार ने पटना मेट्रो के निर्माण के लिए 100 करोड़ रुपए की राशि की निकासी की स्वीकृति दी है. इसके साथ ही मेट्रो निर्माण के लिए राज्य सरकार द्वारा अब तक कुल 1012 करोड़ रुपये की राशि उपलब्ध कराई जा चुकी है. इसके साथ ही पटना बिहार म्यूजियम को पटना म्यूजियम से जोड़ने वाले करीब डेढ़ किमी लंबे अंडरग्राउंड टनल के निर्माण के लिए भी एजेंसी का चयन कर लिया गया है. इसके निर्माण कार्य भी जल्द ही शुरू किया जाएगा.
गांधी मैदान से आकाशवाणी के बीच मेट्रो लाइन के लिए टीबीएम (टनल बोरिंग मशीन) से अंडरग्राउंड खुदाई का काम शुरू हो गया है. खुदाई के लिए अक्टूबर माह में गांधी मैदान के समीप दो टनल बोरिंग मशीन (टीबीएम) लोअर की गयी थी. जिसमें से एक ने खुदाई शुरू कर दी है. दूसरी टीबीएम को पूरी तरह तैयार किया जा रहा है और यह भी जल्द खुदाई प्रारंभ करेगी. गांधी मैदान से आकाशवाणी स्टेशन तक 966 मीटर की दूरी को तय करने में टीबीएम पांच से सात महीने का समय ले सकती है.
नगर विकास एवं आवास विभाग ने पटना मेट्रो रेल परियोजना के क्रियान्वयन को लेकर निवेश मद में 100 करोड़ रुपये और उपलब्ध कराई है. साथ ही रुपये की निकासी की भी स्वीकृति प्रदान कर दी गई है. राज्य सरकार ने विभिन्न स्वीकृत आदेशों के माध्यम से अब तक निवेश मद में कुल 1012.50 करोड़ रुपये की निकासी कर पटना मेट्रो रेल कॉरपोरेशन को उपलब्ध कराया है.
बिहार म्यूजियम को पटना म्यूजियम से जोड़ने वाले करीब डेढ़ किमी लंबे अंडरग्राउंड सब वे का निर्माण कार्य भी जल्द शुरू होगा. नोडल एजेंसी दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन ने इस विरासत सुरंग के निर्माण को लेकर एजेंसी का चयन कर लिया है. इस निर्माण की जिम्मेदारी कंस्ट्रक्शन कंपनी एलएंडटी को दी गई है. वर्क ऑर्डर मिलते ही कंपनी काम शुरू कर देगी.
बेली रोड के नीचे गुजरने वाली इस सुरंग का काम 30 महीने के अंदर पूरा किया जाना है. इस प्रोजेक्ट पर पहले 373 करोड़ रुपये का खर्च अनुमानित था, जो अब बढ़ कर 542 करोड़ रुपये हो गया है. दोनों म्यूजियम के बीच अंडरग्राउंड सब वे निर्माण को लेकर नगर विकास एवं आवास विभाग ने मई 2022 में ही प्रशासनिक स्वीकृति देते हुए कार्यकारी एजेंसी के रूप में दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड को नामांकित किया था.
पटना में रेलवे स्टेशनों के बाद पेसू पटना मेट्रो को बिजली भी बिजली सप्लाई करेगा. इसके लिए अंडरग्राउंड केबलिंग का पहला प्रोजेक्ट पूरा हो गया है. पेसू की 10 सदस्यीय टीम की देखरेख में लगभग आठ किमी राजेंद्र नगर से मोइनुल हक स्टेडियम तक अंडरग्राउंड केबलिंग का काम लगभग पूरा हो चुका है. मेट्रो के लिए राजेंद्र नगर में अंडरग्राउंड केबलिंग में 11केवी का बंच केबल लगाया जा रहा है. बंच केबल के साथ वायर को ठंडा रखने वाली मशीन चिलर भी लगायी जा रही है.
मेट्रो प्रोजेक्ट पूरा होने में अभी दो साल से ज्यादा वक्त लगेगा. फिलहाल एक दिन में बंच केबल स्लैब बनाने में सिर्फ 10 मीटर गड्ढा ही हो पा रहा है. निर्माण कंपनियों का कहना है कि मिट्टी सख्त होने से यह परेशानी हो रही है. मिली जानकारी के अनुसार शहर में मेट्रो प्रोजेक्ट के लिए चिड़ियाघर, विद्युत भवन, बुद्धा कॉलोनी, रूपसपुर, खाजपुरा, राजाबाजार में अंडरग्राउंड केबलिंग का काम किया जाना है. वहीं, आनंद बाजार, दानापुर, सगुना मोड़ में ओवरहेड केबलिंग की जायेगी. राजेंद्र नगर से मलाही पकड़ी, पटना जंक्शन से मीठापुर बस स्टैंड, गांधी मैदान से अशाेक राजपथ में जल्द काम शुरू किया जाना है.
समस्तीपुर : सदर अस्पताल की व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए सिविल सर्जन डॉ. राजीव…
समस्तीपुर : नॉर्थ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड द्वारा पटेल मैदान के प्रांगण में सोलर…
समस्तीपुर/कल्याणपुर : रामपुरा वॉटरवेज तटबंध के निकट से अपहृत दोनों युवक को पुलिस ने मुजफ्फरपुर…
समस्तीपुर/विद्यापतिनगर : पूर्व मध्य रेलवे सोनपुर प्रबंधन ने मंगलवार को विद्यापतिधाम स्टेशन चौक से स्मारक…
समस्तीपुर : गाड़ी संख्या 19166 दरभंगा-आनंद विहार एक्सप्रेस में दरभंगा से समस्तीपुर के बीच टिकट…
समस्तीपुर : समस्तीपुर जिले के रोसड़ा थाना क्षेत्र से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है।…