बिहार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर के रामचरितमानस पर दिए गए विवादित बयान से सियासी बवाल मच गया है। उनके बयान की बिहार ही नहीं बल्कि देश भर में निंदा की जा रही है। ऐसे में उनकी कुर्सी पर संकट आ गया है। बीजेपी के साथ ही संत समाज भी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से शिक्षा मंत्री को बर्खास्त करने की मांग कर रहा है। चंद्रशेखर महागठबंधन सरकार में आरजेडी कोटे से मंत्री हैं। इससे पहले आरजेडी नेता कार्तिक कुमार और सुधाकर सिंह भी विवादों के चलते अपना पद गंवा चुके हैं।
शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर ने बुधवार को नालंदा खुला विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में रामचरितमानस को नफरत फैलाने और समाज को तोड़ने वाला ग्रंथ बताया। इसके बाद बीजेपी नीतीश सरकार पर हमलावर हो गई। बिहार समेत देशभर के तमाम बीजेपी नेता उनसे माफी मांगने और इस्तीफा देने की मांग कर रहे हैं।
बिहार के पूर्व डिप्टी सीएम और बीजेपी सांसद सुशील मोदी ने कहा कि शिक्षा मंत्री खुद नफरत फैला रहे हैं। उन्हें तुरंत अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए, नहीं तो सीएम खुद उन्हें बर्खास्त करें।
शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर के विवादित बयान पर महागठबंधन के नेता भी किनारा कर रहे हैं। कांग्रेस विधायक दल के नेता अजीत शर्मा ने कहा कि रामचरितमानस को नफरत फैलाना वाला ग्रंथ बताने वाला शिक्षा मंत्री का बयान गलत है। वह इसकी घोर निंदा करते हैं। रामचरितमानस एक पवित्र ग्रंथ है। मंत्री ऐसा कैसे बोले हैं, यह समझ नहीं आ रहा है। उन्हें बयान वापस लेना चाहिए।
शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर के बयान से उनकी खुद की पार्टी आरजेडी भी पल्ला झाड़ती हुई नजर आ रही है। आरजेडी कोटे से नीतीश सरकार में पीएचईडी मंत्री ललित यादव ने चंद्रशेखर की रामचरितमानस पर की गई टिप्पणी को उनका निजी बयान करार दे दिया।
आरजेडी की सहयोगी जेडीयू ने भी शिक्षा मंत्री के बयान से किनारा किया है। सीएम नीतीश कुमार से जब इस बारे में सवाल किया गया तो उन्होंने अनभिज्ञता जताते हुए इस पर कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया। दरंभगा में गुरुवार को सीएम ने कहा कि उन्हें इस मुद्दे की जानकारी नहीं है। शिक्षा मंत्री से बात करके पूछेंगे।
दूसरी ओर, देश भर में विरोध होने के बावजूद शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर अपने बयान पर अडिग हैं। चंद्रशेखर ने गुरुवार को मीडिया से बातचीत में कहा कि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं कहा है। उन्होंने रामचरितमानस की चौपाई पढ़कर सुनाई और कहा कि इसमें जातियों के आधार पर भेदभाव की बात कही गई है।
शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर के बयान पर विवाद होने से सियासी पारा गर्माया हुआ है। ऐसे में राजनीतिक हलके में चर्चा शुरू हो गई है कि क्या रामचरितमानस पर टिप्पणी करके उन्होंने अपनी कुर्सी दांव पर लगा दी है। इससे पहले भी आरजेडी कोटे से दो मंत्री विवादों में आ चुके हैं और उन्हें नीतीश कैबिनेट से इस्तीफा देना पड़ा था।
कार्तिक कुमार उर्फ कार्तिकेय सिंह के खिलाफ बिल्डर का अपहरण का केस चल रहा है। उनके खिलाफ कोर्ट से वारंट जारी था और वे मंत्री पद की शपथ ले रहे थे। विवाद होने पर कुछ मंत्री बनने के कुछ दिनों बाद ही उन्हें इस्तीफा देना पड़ा।इसके बाद आरजेडी नेता सुधाकर सिंह ने कई बार मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर हमला बोला और सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। इसके चलते उन्हें कृषि मंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा था।
समस्तीपुर : मुफस्सिल थाना क्षेत्र के दादपुर स्थित एक विवाह भवन में रिसेप्शन पार्टी के…
बिहार के शहरों में जलजमाव की बढ़ती समस्या को देखते हुए राज्य सरकार ने अहम…
राजधानी पटना के जानीपुर थाना क्षेत्र में डॉक्टर के अपहरण मामले में बड़ी कार्रवाई की…
तस्वीर : फाईल (माही-मनीषा) समस्तीपुर : मुफस्सिल थाना क्षेत्र के गरूआरा चौर स्थित एक विवाह…
समस्तीपुर : नशा मुक्ति दिवस के अवसर पर शहर के मगरदही चौक स्थित Kids and…
समस्तीपुर : जिला नियोजनालय, समस्तीपुर के तत्वावधान में 16 फरवरी से 21 फरवरी तक विभिन्न…