TikTok, UC Browser और Share it सहित 59 चायनीज ऐप मोदी सरकार ने बैन किए

भारत चीन विवाद के बीच भारत सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने 59 चीनी ऐप को बैन करने का फैसला लिया है। बैन किए गए ऐप में मशहूर टिक-टॉक (Tik Tok Ban) ऐप भी शामिल है। इसके अलावा यूसी ब्राउजर, कैम स्कैनर जैसे और भी बहुत फेमस ऐप शामिल हैं।

सुरक्षा एजेंसियों ने पहले तैयार की लिस्ट
सबसे पहले भारतीय सुरक्षा एजेंसियों ने चीनी ऐप की लिस्ट तैयार कर केंद्र सरकार को दी और इन ऐप को बैन करने की अपील की।

ये हैं 59 ऐप, जिन्हें देश में माना खतरा

1. टिक टॉक (TikTok)

2. Shareit

3. Kwai

4. यूसी ब्राउजर (UC Browser)

5. Baidu map

6. Shein

7. क्लैश ऑफ किंग (Clash of Kings)

8. डियू बैट्री सेवर (DU battery saver)

9. हेलो (Helo)

10.लाइक (Likee)

11. यू कैन मेकअप (YouCam makeup)

12. एमआई कम्युनिटी (Mi Community)

13. सीएम ब्राउजर (CM Browers)

14. वायरस क्लीनर (Virus Cleaner)

15. APUS Browser

16. ROMWE

17. क्लब फैक्ट्री (Club Factory)

18. न्यूज डॉग (Newsdog)

19. बैक्ट्री प्लस (Beutry Plus)

20. वी चैट (WeChat)

21. यूसी न्यूज (UC News)

22. क्यू क्यू मेल (QQ Mail)

23. Weibo

24. Xender

25. QQ Music

26. QQ Newsfeed

27. बिंगो लाइव (Bigo Live)

28. सेल्फी सिटी (SelfieCity)

29. मेल मास्टर (Mail Master)

30. Parallel Space

krishna hospital samastipur bihar

31. एमआई वीडियो कॉल (Mi Video Call – Xiaomi)

32. WeSync

33. ES File Explorer

34. Viva Video – QU Video Inc

35. Meitu

36. Vigo Video

37. New Video Status

38. DU Recorder

39. Vault- Hide

40. Cache Cleaner DU App studio

41. DU Cleaner

42. DU Browser

43. Hago Play With New Friends

44. कैम स्कैनर (Cam Scanner)

45. Clean Master – Cheetah Mobile

46. Wonder Camera

47. Photo Wonder

48. QQ Player

49. We Meet

50. Sweet Selfie

51. Baidu Translate

52. Vmate

53. QQ International

54. QQ Security Center

55. QQ Launcher

56. U Video

57. V fly Status Video

58. Mobile Legends

59. DU Privacy

क्या बैन किए गए चीनी ऐप?
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सुरक्षा एजेंसियों की अपील पर सरकार ने यह फैसला लिया है। सुरक्षा एजेंसियों ने चीनी ऐप को बैन करने या फिर मोबाइल से हटाने की अपील की थी। इसके पीछे दलील दी गई थी कि चीन भारतीय डेटा हैक कर सकता है। आईटी एक्ट की धारा 69 ए के तहत सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के प्रावधानों के तहत सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने नियम 2009 और खतरों की प्रकृति को देखते हुए बैन लगाया है।

Avinash Roy

Editor-in-Chief at Samastipur Town Web Portal